पांच माह पहले आई 1.58 करोड़ की राशि, नहीं खरीदी खेल सामग्री
बुलंदशहर। करीब पांच माह पहले बेसिक स्कूलों में खेल सामग्री खरीदने के लिए शासन की ओर से 1.58 करोड़ की राशि जारी की गई थी। बावजूद अभी तक खेल सामग्री नहीं खरीदी गई है। चालू शिक्षण सत्र संपन्न होने की कगार पर है। खेल सामग्री न खरीदे जाने पर सवाल उठ रहे हैं। इस पर सीडीओ ने संज्ञान लिया है।
शासन की ओर से बेसिक स्कूलों में पढ़ रहे बच्चों का खेलों में रुझान बढ़ाने के लिए शासन से खेल सामग्री के लिए राशि भेजी जाती है। प्राथमिक विद्यालय के पांच हजार और उच्च प्राथमिक विद्यालय को 10 हजार रुपये की राशि देने का प्रावधान है। करीब पांच माह पहले एक करोड़ 58 लाख की राशि गत दिनों जिले को प्राप्त हुई थी तो इसे प्रबंध समिति के खातों में भेज दिया था। इतना समय बीत जाने के बाद भी अभी तक इस राशि को शिक्षक दबाए बैठे हैं। विभाग को भी इसके बारे में कोई खबर नहीं है और ना शिक्षकों से कोई रिपोर्ट ली गई है।
मामले में सीडीओ अभिषेक पांडेय ने जांच कराने की बात कही है। उन्होंने बताया कि कितने स्कूलों ने राशि खरीदी है और क्या- क्या खरीदा है, इसकी पूरी जांच कराई जाएगी। बीएसए से भी अभी तक राशि से खेल सामग्री न खरीदे जाने पर जवाब मांगा जाएगा। साथ ही खेल सामग्री खरीवाने के निर्देश दिए जाएंगे।
पूर्व में भी खेल सामग्री खरीद में हो चुका फर्जीवाड़ा उजागर
बेसिक शिक्षा विभाग में खेल सामग्री नहीं खरीदे जाने का यह पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी विभाग में खेल सामग्री खरीदने में फर्जीवाड़ा उजागर हो चुका है। उस समय खेल सामग्री में शामिल सामान नहीं खरीदने और निर्धारित राशि से कम राशि में घटिया सामान खरीदने का मामला सामने आया था। खरीद की एवज में विभागीय अधिकारियों पर उगाही करने के भी आरोप लगे थे।
कोट
स्कूलों को राशि आवंटित कर दी गई है। जिन स्कूलों ने खेल सामग्री नहीं खरीदी है उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। सभी स्कूलों से जानकारी ली जा रही है। जिन स्कूलों खरीद कर ली है वह रिपोर्ट तत्काल उपलब्ध कराएं। सभी स्कूलों को खेल सामग्री हरहाल में खरीदनी होगी। - अखंड प्रताप सिंह, बेसिक शिक्षा अधिकारी