उसावां को तहसील बनाने की मांग को लेकर एक बार फिर जनता ने आवाज बुलंद की है। बुधवार को क्षेत्रवासियों ने प्रदर्शन कर मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन एडीओ रमेश राठौर को सौंपा ।
बताते चलें कि उसावां को तहसील का दर्जा देने का प्रस्ताव वर्ष 1990 में बदायूं व शाहजहांपुर के तत्कालीन डीएम ने सह संस्तुति से शासन को भेजा था, जिसमें 287 राजस्व गांव शामिल किए गए थे। जलालाबाद तहसील के मिर्जापुर व कलान ब्लॉक के 126 गांव व दातागंज तहसील के 161 गांव शामिल थे। समाजसेवी प्रदीप यादव ने कहा कि तभी से उसावां को तहसील का प्रस्तावित खाका राजस्व परिषद और शासन के पास विचाराधीन है। व्यापार मंडल के नगर अध्यक्ष रामप्रकाश गुप्ता ने कहा कि उसावां को तहसील का दर्जा दिलाने के लिए कई बार लखनऊ तक गए, लेकिन जनप्रतिनिधिओं द्वारा रुचि न लेने के कारण आज तक उसावां को तहसील का दर्जा नहीं मिल पाया है। प्रदर्शन कर रहे लोगों ने कहा कि अब प्रदेश की सरकार शाहजहांपुर की जलालाबाद तहसील के कस्बा कलान को तहसील का दर्जा देने की तैयारी कर रही है, जब कि जलालाबाद तहसील के मिर्जापुर कस्बा व उससे जुड़े क्षेत्र के लोग मीडिया के माध्यम से कलान को तहसील बनाने का विरोध कर रहे हैं।
मांग करने वालों में प्रदीप यादव, जयप्रकाश गुप्ता, रामरतन गुप्ता, मुकेश यादव, रामप्रताप सिंह, वालिस्टर यादव, शीतल गुप्ता, रामगोपाल गुप्ता, धर्मेंद्र चौहान, कुलदीप, रामवीर सिंह, नरेंद्र सिंह, अजय कुमार, राजपाल दिवाकर, गंगा सिंह, दीवान सिंह, ओमप्रताप सिंह, दिलीप वर्मा, रजत वर्मा, सौरभ तोमर, मुकेश वर्मा, आनंद सिंह, चंद्रपाल, अमित गुप्ता, दिनेश, रामचंद्र, अशोक शर्मा, मोनू गुप्ता, धर्मपाल गुप्ता, सदन गुप्ता, मनोज नारायण गुप्ता, प्रदीप कुमार, अभिषेक यादव, सौरभ गुप्ता, मुकेश यादव, विकास बाबू, सजन गुप्ता, पुरुषोत्तम गुप्ता, संजीव मौजूद रहे।