प्रतिबंधित पशुओं का वध करने वाले गैंगस्टर के सहयोगी के शक में पकडे युवक को थर्ड डिग्री देने वाले तत्कालीन चौकी इंचार्ज और चार सिपाहियों समेत सात पर संगीन धाराओं में पीड़ित की मां की तहरीर मुकदमा दर्ज किया गया है।
मामले की शिकायत पर इसकी जांच दातागंज सीओ प्रेम कुमार थापा द्वारा की गई थी। जांच में आरोप सही पाए गए हैं। जांच रिपोर्ट सीओ ने एसएसपी को सौप दी है। इसके बाद ही बीती रात मुकदमा दर्ज कराने के एसएसपी ने आदेश दिए थे।
बताते चलें कि थाना क्षेत्र की ककराला चौकी पुलिस द्वारा बीती दो मई को ककराला निवासी गैंगस्टर अमजद के साथी को गोतस्कारी शक में रेहान पुत्र यूनिश शाह निवासी वार्ड 12 ककराला को हिरासत में लिया था।
मारपीट कर लगाया करंट, गुप्तांग में भी पहुंचाई चोट
पीड़ित ने आरोप लगाया था कि उसे चौकी में बंद कर असहनीय यातनाएं दी गई। उसके साथ अनैतिक कार्य करते हुए मारपीट कर करंट लगाया और पांच हजार रुपये की मांग की गई। मारा पीटा और करंट के झटके दिए इतना ही नहीं उसके गुप्तांग में डंडा को घुसेड़ा गया। जब उस उसकी हालत बिगड़ गई तो पुलिस कर्मियों ने उसे चौकी से भगा दिया और अधिकारियों से मामले की शिकायत न करने की धमकी दी।
पुलिस की प्रताड़ना से जख्मी हुआ युवक पहले तो चुपचाप अपना इलाज कराता रहा। लेकिन जब उसकी हालत बिगड़ी तब जाकर परिजनों ने पुलिस के खिलाफ मुंह खोला। हालत में सुधार न होने पर पीड़ित युवक को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया।
मामले की शिकायत पर एसएसपी ओपी सिंह ने मामले की जांच के आदेश दिए। जांच सीओ दातागंज प्रेम कुमार थापा को सौंपी गई। जांच में तत्कालीन चौकी इंचार्ज सत्यपाल सिंह, सिपाही नरेंद्र सिंह, शेखर चावला, सोनू, और विपिन द्वारा पीड़ित के साथ मारपीट करने के दोषी पाए गए।
जांच रिपोर्ट सीओ द्वारा एसएसपी को सौंपी जा चुकी है। जांच रिपोर्ट के आधार पर बीती रात पीड़ित युवक की मां नजमा की तहरीर पर दरोगा समेत पांच पुलिसकर्मियों और दो अज्ञात के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम समेत कई संगीन धाराओं में मुकदमा दर्ज कर किया गया है। मुकदमे की विवेचना सीओ दातागंज को दी गई है।