फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मुख्यमंत्री कार्यालय से हो रही सामूहिक दुष्कर्म और हत्याकांड की मॉनीटरिंग

विज्ञापन
विज्ञापन
बदायूं। उघैती थाना क्षेत्र में हुई जघन्य वारदात से एक बार फिर देश में महिला की सुरक्षा को लेकर सवाल उठने लगे हैं। देश भर में घटना को लेकर विरोध होने पर मुख्यमंत्री कार्यालय से इस मामले में हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है।
विज्ञापन

एडीजी जोन बरेली अविनाश चंद्र, आईजी जोन राजेश पांडेय भी पल पल की खबर ले रहे हैं, जिससे जिले के अफसरों के होश उड़े हुए हैं। यही वजह है मामले में पुलिस अफसर फूंक फूंककर कदम रख रहे हैं। यहां तक भी मीडिया से भी अफसरों ने दूरी बना ली है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने छह जनवरी को सामूहिक दुष्कर्म और महिला की हत्या के मामले की एडीजी अविनाश चंद्र से रिपोर्ट मांगी थी। अपर मुख्य सचिव सूचना नवनीत सहगल ने एक बयान जारी कर कहा था कि मुख्यमंत्री ने साफ निर्देश दिए हैं कि इस मामले में जरूरत पर एसटीएफ लगाई जाए। आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई हो और ये मामला फास्टट्रैक कोर्ट में चलाया जाए। आदेश के बाद पुलिस अधिकारियों में खलबली मच गई थी। उसी दिन एडीजी बरेली जोन अविनाश चंद्र उघैती पहुंचे थे। उन्होंने मामले की छानबीन करते हुए आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए थे। देर शाम उन्होंने मामले की रिपोर्ट मुख्यमंत्री को भेज दी। उस दिन से लगातार मुख्यमंत्री कार्यालय से मामले पर नजर रखी जा रही है। बताते हैं मामले पर मुख्यमंत्री कार्यालय की सीधी नजर होने पर अधिकारियों में डर है। थाना पुलिस से लेकर अफसर हर कदम फूंक फूंककर रख रहे हैं, जिससे कहीं कोई लापरवाही न हो पाए। पुलिस भी तेजी से तफ्तीश करने में जुटी हुई है।
विज्ञापन

दिन-रात दौड़ रहे एपी देहात और सीओ बिल्सी
जिस दिन से वारदात सुर्खियों में आई है, उस दिन से एसपी देहात सिद्धार्थ वर्मा और सीओ बिल्सी अनिरुद्ध सिंह दिन-रात एक किए हुए हैं। दोनों अधिकारी लगातार उघैती जाकर मामले की पड़ताल कर रहे हैं, इससे पुलिसकर्मी भी सहमी हुई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें