बदायूं। शुक्रवार को जिले के समस्त विकास खंडों की दो-दो ग्राम पंचायतों में ग्राम चौपालें लगीं। ग्राम चौपालों का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में शासन द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी देना, ग्रामीणों की समस्याओं को सुनना, उनसे सीधा संवाद स्थापित करना तथा मौके पर ही समस्याओं का निस्तारण करना रहा। कुल 28 शिकायतें निस्तारित की गईं।
ग्राम चौपालों के दौरान ग्रामीणों की विभिन्न समस्याओं को गंभीरता से सुना गया, जिनमें से पेंशन से संबंधित 12 तथा आवास से संबंधित 16 शिकायतों का मौके पर ही समाधान करा दिया गया। शेष शिकायतों के शीघ्र, समयबद्ध एवं पारदर्शी निस्तारण के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए गए।
आयोजित ग्राम चौपालों के अंतर्गत विकास खण्ड अंबियापुर की ग्राम पंचायत भेटाजबी एवं हैबतपुर, आसफपुर की बसौमी एवं गुलैरिया, बिसौली की आदपुर एवं अतरपुरा, दातागंज की लालपुर खादर एवं सराय पिपरिया, देहगवां की सराय उर्फ विजयगढ़ी एवं दादरा, इस्लामनगर की लस्करपुर ओय्या एवं नादेरी, जगत की कुपरी एवं जखेली, म्याऊं की नगलिया चिकन एवं गुराना, कादरचौक की मुगरा टटैयी एवं निजामाबाद, सहसवान की रमपुरा टी. रियौना एवं खांडुवा, सालारपुर की खासपुर एवं परोलिया, समरेर की बरहाई सहोरा एवं बौरा, उझानी की सांजरपुर बलजीत एवं बसंत नगर, उसावां की अकबरपुर एवं भुंडी तथा वजीरगंज की लहरा लाडपुर एवं रैहरिया ग्राम पंचायतों में चौपालों का आयोजन किया गया।
ग्राम चौपालों में ग्रामीणों को पेंशन योजनाएं, प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री आवास योजना, स्वच्छता अभियान, मनरेगा, राशन वितरण प्रणाली, स्वास्थ्य सेवाएं एवं अन्य विभागीय कल्याणकारी योजनाओं के संबंध में विस्तार से जानकारी दी गई। अधिकारियों द्वारा योजनाओं का लाभ लेने की प्रक्रिया भी समझाई गई तथा पात्र लोगों को शीघ्र आवेदन करने के लिए प्रेरित किया गया।
अधिकारियों ने ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि प्राप्त सभी शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर समाधान कराया जाएगा। ग्राम चौपालों के माध्यम से शासन की मंशा के अनुरूप गांवों के समग्र विकास को गति देने और जनसमस्याओं का त्वरित निस्तारण सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है।