दुबई में हृदयगति रुक जाने से बड़े भाई के मौत की सूचना पर मुंबई में रह रहे छोटे भाई के भी प्राण पखेरू उड़ गए। इन दोनों भाइयों के मौत होने की खबर पर घर रहने वाले तीसरे भाई की भी हालत गंभीर हो गई है। परिवार के लोगों ने उसे कस्बे के एक क्लीनिक में भर्ती कराया है। दूसरी तरफ एक के बाद एक हुई दो मौतों की सूचना से गांव में गम का माहौल है।
रानी की सराय थाना क्षेत्र के दाऊदपुर गांव निवासी लालचंद विश्वकर्मा (60) तीन भाइयों में सबसे बड़ा था। वह दुबई में नौकरी कर रहा था। वहां रविवार की रात हृदयगति रुकने से उसकी मौत हो गई। इस बात की सूचना मुंबई में रह रहे उसके छोटे भाई राजेंद्र विश्वकर्मा (55) को सोमवार को हुई। भाई की मौत का सदमा राजेंद्र को इस कदर हुआ कि उसका भी हार्टफेल हो गया।
इन दोनों भाइयों की मौत की जानकारी मंगलवार को घर में रह रहे सबसे छोटे भाई बालचंद विश्वकर्मा (52) को हुई तो वह भी बदहवास होकर गिर पड़ा। परिवारवालों ने उसे कस्बे के एक डाक्टर के यहां भर्ती कराया है, जहां उसकी हालत गंभीर बताई गई है।
ग्रामीणों के अनुसार तीनों भाइयों का परिवार घर पर ही रहता है। इसमें लालचंद तीन पुत्री और एक पुत्र का पिता था। जबकि राजेंद्र को चार पुत्री और एक पुत्र था। गांव के लोगों ने बताया कि तीनों भाइयों के बीच जबरदस्त प्रेम था। घटना के बाद पूरे गांव के लोग बालचंद को ढांढस बंधा रहे हैं।