मुजफ्फरनगर दंगों के बाद बागपत जनपद जो रालोद का गढ़ रहा है, वहां भी भाजपा ने सेंध लगा ली है। रमाला के किसान सम्मेलन में उमड़ी भारी भीड़ को देखते हुए इसका अनुमान लगाया जा रहा है। वहीं युवा भी भाजपा से जुड़ गया है।
बड़ौत में बाइक रैली में उमड़ी युवाओं की भीड़ से लगता है कि युवाओं का रुख भी भाजपा की ओर है।
सहेंद्र सिंह रमाला के संयोजन में चौहान खाप के गांव रमाला में हुए भाजपा के किसान सम्मेलन में भारी भीड़ उमड़ी।
इनमें युवा ही नहीं किसान भी भारी संख्या में देखने को मिले। रालोद के अलावा अभी तक इस क्षेत्र में किसी विपक्षी पार्टी का इतना बड़ा सम्मेलन देखने को नहीं मिला। यह पहली बार हुआ है।
इसके पीछे तो अनुमान लगाया जा रहा है कि मुजफ्फरनगर दंगों में एक तरफा कार्रवाई और किसानों की दुर्दशा को लेकर इस क्षेत्र का किसान अब अजित सिंह से भी किनारा कर सकता है।
सम्मेलन में आए किसानों ने बीजेपी की जमकर हुंकार भरी। वहीं दूसरी ओर बड़ौत में कृष्णपाल मलिक के नेतृत्व में पंकज सिंह के स्वागत में उमड़ी युवाओं की भीड़ व उसके बाद बाइक रैली में उमड़े युवाओं से भी अंदाजा लगाया जा सकता है कि युवा वर्ग भी नरेंद्र मोदी का दीवाना हो चला है।