फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

स्मैक बेचने से रोका तो कर दी मां की हत्या

विज्ञापन
बिजनौर में पकड़े गए किरतपुर में मां की हत्या करने वाले बेटे और उसके दोस्त के बारे में जानकारी देत? - फोटो : BIJNOR
विज्ञापन
स्मैक बेचने से रोका तो कर दी मां की हत्या
विज्ञापन

बिजनौर। स्मैक बेचकर 30 हजार रुपये महीना की कमाई करने से रोकने पर नौता देवी को उसके बेटे ने ही अपने साथी के साथ मिलकर मौत के घाट उतार दिया था। पुलिस ने दोनों हत्यारोपियों को दबोचकर हत्याकांड का खुलासा कर दिया है।
एसपी डा.धर्मवीर सिंह ने बताया कि थाना किरतपुर के गांव पित्तनहेड़ी निवासी कामेंद्र ने 24 अगस्त को थाने आकर बताया था कि उसकी बहन गांव बाहुपुरा निवासी नौता देवी उसके पिता के तीजे की रस्म में आने के लिए 23 अगस्त को निकली थी लेकिन घर नहीं पहुंची। तलाश करने पर नौता देवी का शव बाहुपुरा से आलोपुर जाने वाले रास्ते में खेत से बरामद हुआ था। नौता देवी के बेटे शुभम पर ही हत्या का शक था, इसलिए उसके परिजनों ने रिपोर्ट दर्ज नहीं कराई थी। पुलिस ने इस मामले में शुभम और गांव के ही उसके साथी पंकज को हिरासत में लेकर पूछताछ की।
विज्ञापन

एसपी के अनुसार दोनों नशेड़ी हैं। पंकज ने शुभम को देहरादून में स्मैक बेचकर 30 हजार रुपये महीना की कमाई का लालच दिया। शुभम ने पंकज से उसकी मां को इसके लिए राजी करने को कहा। 23 अगस्त को पंकज शुभम के घर आया और शुभम की मां को मनाने का प्रयास किया नौता देवी ने मना कर दिया और पंकज को घर से भगा दिया। शुभम को भी डांटा। शुभम और पंकज दोनों ने धर्मशाला में बैठकर भांग का नशा किया। शुभम ने हर हालत में पंकज के साथ चलने की बात कही।
विज्ञापन

शुभम ने पंकज को बताया कि उसकी मां उसके नाना की तीजे की रस्म में गांव पित्तनहेड़ी जा रही है। ेजिस पर वे दोनों नौता देवी के पीछे चल दिए। आलोपुर वाले मार्ग पर समाधि के पास शुभम ने अपनी मां के मुंह पर काला अंगोछा डाल दिया और साड़ी से मुंह बंद कर दिया। पंकज ने गला दबाकर नौता देवी की हत्या कर दी और शव गन्ने के खेत में छिपा दिया। बाद में शुभम गांव वालों के साथ अपनी मां को ढूंढने का नाटक भी करता रहा।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें