बिजनौर। मेडिकल अस्पताल में चिकित्सकों की संख्या तो बढ़ गई है। मगर, इसके बावजूद भी मरीजों का समय से इलाज नहीं हो पा रहा है। इसका कारण चिकित्सकों का समय से ओपीडी में नहीं पहुंचना है। ऐसा ही कुछ अस्पताल में शनिवार को हुआ। सात विभागों में से छह विभागों की ओपीडी से चिकित्सक नदारद मिले। इससे मरीजों को काफी देर तक इंतजार करना पड़ा।
मेडिकल अस्पताल में ओपीडी शुरू होने का समय सुबह आठ बजे से दोपहर दो बजे तक हैं। मगर, चिकित्सक ओपीडी में साढ़े नौ बजे से पहले नहीं पहुंचते हैं। शनिवार को इसकी पड़ताल की तो सामने आया कि सात विभागों में से छह विभागों की ओपीडी साढ़े नौ बजे तक शुरू ही नहीं हुई। मानसिक विभाग, फिजिशियन कक्ष, नेत्र विभाग, नाक-कान-गला विभाग, त्वचा विभाग, हड्डी विभाग में चिकित्सक साढ़े नौ बजे के बाद पहुंचने शुरू हुए। पूरे अस्पताल में केवल सर्जन डॉ. नरेश जौहरी समय से पहुंचकर मरीजों को देख रहे थे। बाकी ओपीडी के बाहर मरीज चिकित्सकों के इंतजार में बैठे रहे।
साढ़े नौ बजे तक 222 मरीजों ने अस्पताल में बनवाए पर्चे
मेडिकल अस्पताल में सुबह साढ़े नौ बजे तक 222 मरीजों ने अलग-अलग ओपीडी के पर्चे बनवाए। मगर, जब चिकित्सक नहीं आए तो मरीज पर्चा हाथ में लिए ओपीडी के बाहर ही बैठे रहे।
शनिवार को इन चिकित्सकों की ओपीडी में थी ड्यूटी
मानसिक विभाग की ओपीडी में शनिवार को डॉ. आयुष कपूर, फिजिशियन कक्ष में डॉ. राजेश डाबरे व डॉ. परिमल, त्वचा विभाग में डॉॅ. रतन सिंह, हड्डी विभाग में डॉ. याघवेंद्र सिंह, नेत्र विभाग में डॉ. अनुज कुमार, नाक-कान-गला विभाग में डॉ. अंशु सिंह की ड्यूटी थी।
क्या बोले मरीज और तीमारदार
हनीफा ने बताया कि वह सहसपुर से आई है। उसकी बेटी को कुछ मानसिक परेशानी है। चिकित्सकों को दिखाने के लिए सुबह आठ बजे से बैठी है। मगर, साढ़े नौ बजे तक चिकित्सक नहीं आए। कमरे के बाहर ताला लटका है।
मरीज घसीटा सिंह ने बताया कि उन्हें त्वचा संबंधित दिक्कत है। चिकित्सक के कक्ष के बाहर खड़े हुए करीब आधा घंटा हो गया। मगर, चिकित्सक नहीं आए हैं। अभी पता नहीं कितनी देर लगेगी।
मरीज रामकुमार ने बताया कि वह मेडिकल अस्पताल में चिकित्सक को अपनी आंख दिखाने आया है। साढ़े नौ बज गए हैं, अभी तक चिकित्सक नहीं आए हैं। उनसे अलग काफी मरीज चिकित्सक के इंतजार में बैठे हैं।
तस्लीम ने बताया कि उसके बेटे के कान में दिक्कत है। अस्पताल में सुबह आठ बजे आ गया था। अब साढ़े नौ बजे तक भी चिकित्सक नहीं आए। चिकित्सक के आने के बाद ही दवाई लेकर जाएंगे।
मरीज जयपाल सिंह ने बताया कि उसे बुखार सहित अन्य परेशानी है। वह अस्पताल में सुबह साढ़े सात बजे आया। मगर 10 बजने वाले हैं, लेकिन चिकित्सक नहीं आए।
चिकित्सक वार्ड में भर्ती राउंड लेने के बाद ही ओपीडी में पहुंचते हैं। हड्डी विभाग के चिकित्सक डॉ. याघवेंद्र की ड्यूटी इमरजेंसी में लगाई गई थी। चिकित्सकों को निर्देश दिए जाएंगे कि समय से राउंड करने के बाद ओपीडी में पहुंचे। - डाॅ. मनोज सेन, मुख्य चिकित्सक अधीक्षक, बिजनौर