आधार कार्ड पर फोटो सॉल्वर का लगा हुआ था और नाम असली अभ्यर्थी का था। सॉल्वर को पकड़ने के बाद पुलिस परीक्षा केंद्र से बाहर लेकर आई और पूछताछ की। सॉल्वर को पकड़ा हुआ देख परीक्षा केंद्र से कुछ दूर खड़ा एक आरोपी भाग निकला। बताया जा रहा है कि फरार होने वाला आरोपी असली अभ्यर्थी था। पुलिस ने सॉल्वर की असली और नकली आईडी भी बरामद की है। उधर, पुलिस ने आशीष के घर भी दबिश दी, मगर उसके घर पर ताला लगा मिला है।
पटना में दिया था परीक्षा में शामिल होने का ऑफर
पुलिस के अनुसार, पकड़ा गया सॉल्वर रेलवे में गैंगमैन चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी है, जिसकी तैनाती गोरखपुर में चल रही है। पूछताछ में सामने आया कि सॉल्वर अभिनव पटना के एक कोचिंग सेंटर में कोचिंग करता था, वहीं पर उसकी मुलाकात मुरादाबाद के रहने वाले सुचित से हुई। सुचित ने ही रेलवे कर्मी को आशीष की जगह परीक्षा देने के लिए ऑफर दिया था। परीक्षा से एक दिन पहले सॉल्वर नूरपुर पहुंच गया था, रात में नूरपुर में रुका था।