जिले में 22 उद्योग केंद्रों को चलाने के लिए मिली अनुमति
बिजनौर। जिले में खाद्य सामग्री से जुड़े उद्योगों को चलाने के लिए प्रशासन ने हरी झंडी दे दी है। अब बाकी उद्योगों को चलाने पर भी अनुमति दी जा रही है। हालांकि इस दौरान श्रमिकों की सुरक्षा से जुड़े सभी मानकों को देखा जाएगा। लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
कोराना संक्रमित मरीजों की संख्या के आधार पर जिला रेड जोन में शामिल है। केंद्र ने 20 अप्रैल को बाकी जिलों में कुछ छूट दी थीं लेकिन जिले में इसे लागू नहीं किया गया था। लेकिन अब धीरे धीरे उद्योगों को शुरू कराने की तैयारी की जा रही है। पहले चरण में खाद्य पदार्थों से जुड़े छोटे मोटे उद्योग चलाने के लिए अनुमति दी जा रही है। जिला उद्योग केंद्र के जरिए अब तक 22 केंद्रों को चलाने की अनुमति दी जा चुकी है। इनमे आटा चक्की, मिल्क प्रोसेसिंग यूनिट, नमकीन बनाने वाले आदि उद्योग शामिल हैं। अभी किसी बड़ी फैक्टरी ने संचालन के लिए प्रशासन से अनुमति नहीं ली है। लेकिन बाकी उद्योगों के भी जल्दी चलने के आसार हैं।
नगीना के काष्ठकला उद्यमी इरशाद मुल्तानी का कहना है कि सोमवार को डीएम की अगुवाई में बैठक हुई थी। डीएम ने उद्योगों को चलाने के लिए हरी झंडी दे दी है। काष्ठ कला कारोबारी एक दो दिन में ही अपना काम शुरू कर देंगे। बताया कि इसके लिए कोई खास अनुमति लेने के बारे में नहीं बताया गया है। हालांकि काष्ठकला उद्यमी खुद ही अपने केंद्रों पर सोशल डिस्टेंसिंग का पूरा पालन कराएंगे।