बताया गया कि इसी दौरान गांव से लगभग पांच सौ मीटर की दूरी पर पहले से घात लगाये बैठे गुलदार ने तान्या पर झप्पटा मारा और बच्ची को उठाकर नहर पार करते हुए ईंख के खेत में ले गया। जिस पर माता पिता ने शोर मचा दिया। शोर सुनकर आसपास के खेतों में काम कर रहे किसान व ग्रामीण लाठी-डंडे लेकर मौके पर पहुंचे तथा बच्ची की तलाश के लिए ईंख के खेत में घुस गए।
बताया जाता है कि लगभग डेढ सौ मीटर की दूरी पर तान्या घायल अवस्था में पडी मिली। उसके गले पर दांतों के निशान थे। जबकि शोर मचाते लोगों को आता देख गुलदार उसे छोड़कर भाग गया। परिजनों ने घायल तानिया को सामुदायिक स्वास्थ केंद्र में भर्ती कराया। जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। जिससे परिजनों में कोहराम मच गया।
गुलदार के बढते हमलों को लेकर ग्रामीणों ने आक्रोश व्यक्त किया। सूचना पर सीएचसी पहुंचे तहसीलदार पवन कुमार, नायब तहसीलदार जितेन्द्र चाहल, रेंजर गोविंद राम गंगवार, कोतवाल धीरज सोलंकी ने परिजनों को शासन की ओर से मिलने वाली आर्थिक सहायता दिलाने का आश्वासन दिया। वहीं गुलदार को पकड़ने के लिए पिंजरा लगवाने की बात कही। इसके बाद पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।