तंबाकू से बढ़ रहे ओरल कैविटी कैंसर के मरीज
बिजनौर। बढ़ते धूम्रपान और तंबाकू के सेवन से ज्यादातर लोग ओरल कैविटी कैंसर का शिकार हो रहे हैं। जिला अस्पताल में हर महीने 15 से 20 मरीज इसी से संबंधित आ रहे हैं। इससे पहले जिला अस्पताल में 8 से 10 मरीज ही ओरल कैविटी कैंसर से संबंधित आ रहे थे। डॉक्टरों की मानें तो जैसे-जैसे तंबाकू का सेवन बढ़ रहा है, ऐसी समस्याएं सामने आ रही हैं।
जिला अस्पताल में आ रहे मरीजों में होंठ, गाल, लार ग्रंथिया, हार्ड तालू, मसूड़ों, टॉन्सिल, जीभ का ओरल कैविटी कैंसर मिल रहा है। तंबाकू, धूम्रपान करने वाले लोगों में यह समस्या ज्यादा दिखाई दे रही है। मरीज सीधे आकर इसका इलाज नहीं करा रहे हैं, बल्कि बुखार या अन्य किसी बीमारी की दवाई लेने आते हैं तो चिकित्सक को मुंह में हो रही परेशानी के बारे में बताते हैं। जिसके चलते जांच करने के बाद ही ओरल कैविटी कैंसर के लक्षणों की बात सामने आती है। डॉक्टरों के अनुसार करीब 60 फीसदी लोगों में ओरल कैविटी कैंसर तंबाकू का सेवन करने से होता है।
ओरल कैंसर के लक्षण
- बिना किसी कारण नियमित बुखार आना
- मुंह में हो रहे छाले या घाव जो ठीक न हो रहा हो
- मुंह का कोई ऐसा क्षेत्र जिसका रंग बदल रहा हो
- बिना किसी कारण गले में लंबे समय तक सूजन रहना
- चबाने या निगलने में दिक्कत होना
- जबड़े या होठों को घुमाने में परेशानी होना
ओरल कैंसर से बचाव
- रोजाना दांतों को साफ करें
- धूम्रपान न करें, तंबाकू का सेवन बिल्कुल न करें
- लक्षण दिखाई देने पर तुरंत डॉक्टर से दवाई लें
जांच के समय पकड़ में आ रहे मामले : डॉ. आरएस वर्मा
जिला अस्पताल के फिजिशियन डॉ. आरएस वर्मा ने बताया कि तंबाकू के ज्यादा सेवन से ओरल कैविटी कैंसर के मरीज बढ़ रहे हैं। जिला अस्पताल में दवाई लेने आ रहे मरीजों में मुंह में छाले जैसी समस्या दिखाई देती है। जिसके बाद जांच होने पर ओरल कैविटी के लक्षण दिखाई देते हैं।