बढ़ रहा है जीएसटी, उपभोक्ता कर रहे हैं खरीदारी
बिजनौर। जिले का व्यापार फिर से पटरी पर लौटने लगा है। जीएसटी संग्रह में लगातार इजाफा हो रहा है। यहां तक कि जीएसटी संग्रह ने पिछले साल के टैक्स को भी पीछे छोड़ दिया है। त्योहारी सीजन अब शुरू हो गया है। इसमें व्यापारियों को बंपर बिक्री की उम्मीद है। व्यापारियों उपभोक्ताओं को लुभाने के लिए सामान भी मंगवाना शुरू कर दिया है।
जिले में वाणिज्य कर विभाग में 12 हजार से अधिक व्यापारी पंजीकृत हैं। विभाग को बाजार से मिलने वाला टैक्स पूरी तरह जनता की खरीदारी पर निर्भर करता है। जीएसटी एक तरह से यह दर्शाने का सही तरीका होता है कि किसी जिले के ग्राहक कितना बाजार में आ रहे हैं। जिले में मुख्य रूप से जीएसटी चीनी और ऑटोमोबाइल की बिक्री पर मिलता है। माना जा रहा था कि लॉकडाउन खुलने के बाद भी उपभोक्ता बाजार से दूरी बनाएंगे। लेकिन जिले के उपभोक्ता लगातार बाजार में आ रहे हैं और खरीदारी कर रहे हैं। लॉकडाउन खुलने के बाद जिले का बाजार बहुत तेजी से बढ़ा है। खरीदारी से मिलने वाले जीएसटी ने पिछले सालों के टैक्स को भी पीछे छोड़ दिया है।
जिले को मिला जीएसटी संग्रह
महीना 2019-20 2020-21
अप्रैल 15.03 1.07
मई 18.02 5.58
जून 15.09 16.63
जुलाई 19.50 20.07
अगस्त 15.79 25.91
सितंबर 11.52 16.89
योग 94.98 86.18
नोट : आंकड़े गन्ना विभाग से लिए गए हैं और करोड़ रुपये में हैं।
व्यापारियों को मिलेगी 36 लाख की छूट
सरकार की ओर से व्यापारियों को ब्याज में छूट देकर राहत दी गई है। जो व्यापारी समय से टैक्स जमा नहीं कर पाते उनकी बकाया राशि पर ब्याज लगाया जाता है। मार्च 2019 तक के बकाया के ब्याज को सरकार ने माफ करने की बात कही है। इसके लिए व्यापारियों को विभाग में अपना बकाया टैक्स जमा करना होगा। यह छूट केवल अक्तूबर के महीने तक ही लागू रहेगी। जिले के व्यापारियों का 36 लाख रुपये तक का टैक्स माफ हो सकता है। व्यापारी नेता मनोज कुच्छल का कहना है कि उपभोक्ताओं ने बाजार का रुख किया तो है। बाजार में उपभोक्ता आएं और खरीदारी करें। कहा कि जनता ऑनलाइन खरीदारी के बजाए बाजार में आकर दुकानों से खरीदारी करे। बिना उपभोक्ता के आए बाजार में रौनक नहीं रहती है। वाणिज्य कर विभाग के ज्वाइंट कमिश्नर कार्यपालक एके सिंह का कहना है जिले में जीएसटी में पिछले साल के महीनो से ज्यादा संग्रह आया है। दीपावली पर बंपर खरीदारी होने की उम्मीद है।