गर्मी में अस्पताल को जेनरेटर का सहारा
बिजनौर। अस्पताल में मीटर के बाद केबल खराब होने से बिजली आपूर्ति ठप है। करीब 33 घंटे से बिजली आपूर्ति बाधित है। आपूर्ति नहीं होने से भर्ती मरीजों, तीमारदारों तथा अस्पताल में आने वाले मरीजों को भी परेशानी उठानी पड़ी है। मरीजों के लिए अस्पताल की ओर से जेनरेटर के माध्यम से आपूर्ति दी जा रही है। रात आठ बजे तक भी आपूर्ति ठप रही।
जिला अस्पताल में मंगलवार सुबह करीब 11 बजे बिजली के तारों में आग लग गई थी, जिसके चलते पूरे अस्पताल की बिजली गुल हो गई। मीटर के बाद केबल भी खराब हो गया। भीषण गर्मी में बिजली नहीं होने से मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ा रहा है, हालांकि जिला अस्पताल में जेनरेटर चलाकर बिजली आपूर्ति की जा रही है। रात आठ बजे तक बिजली नहीं आई है। वहीं बिजली नहीं होने से अस्पताल में मशीनें नहीं चलने के कारण जांच भी नहीं हो पाई।
आपूर्ति सही करने में जुटे
जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. अरुण कुमार पांडे का कहना है कि जिला अस्पताल की बिजली लाइन पर महिला अस्पताल का भी लोड है, जिसके चलते आपूर्ति में आए दिन समस्या आती रहती है। केबल खराब हो गया, जिससे बदलवाया जा रहा है। अब महिला अस्पताल और जिला अस्पताल की बिजली को अलग किया जा रहा है, ताकि आगे बिजली बाधित न हो। बताया कि अस्पताल की ओर से बिजली की लाइन को ठीक कराया जा रहा है, हालांकि इस काम में बिजली निगम के कर्मचारी भी लगे हुए हैं। रात करीब नौ बजे आपूर्ति होने की संभावना है। उन्होंने कहा कि अस्पताल परिसर की बिजली लाइनों में गड़गड़ी हुई है। अस्पताल के मीटर तक लाइन बिलकुल ठीक है।