खाद्य सुरक्षा विभाग रखेगा बच्चों की सेहत का ध्यान
बिजनौर। जिले के सभी सरकारी और प्राइवेट स्कूलों को ईट राइट, ईट सेफ एंड ईट सस्टेंबली अभियान से जोड़ा जाएगा। इसके लिए खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की ओर से जिले के सभी स्कूलों के नोडल अधिकारियों की मेल आईडी पर विभाग एप के माध्यम से हेल्दी डाइट से स्वास्थ्य रहने के टिप्स देगा। साथ ही सप्ताह वार विद्यालयों की क्रॉस चेकिंग की जाएगी। इससे बच्चों को पोषण युक्त भोजन के प्रति जागरूक किया जा सके। इस दौरान विद्यालयों में बच्चों को संतुलित आहार कर स्वस्थ रहे विषयों पर जागरूक करने के लिए टेलीफिल्में दिखाई जाएंगी।
आजकल की पीढ़ी पोषण युक्त भोजन को भूलती जा रही है। बच्चों में फास्ट और जंक फूड सबसे पसंदीदा भोजन बना हुआ है। इससे बच्चों में मोटापा समेत अन्य बीमारियां उत्पन्न हो रही हैं। इन सभी समस्याओं को दूर कर बच्चों मेें पोषण युक्त भोजन के प्रति जागरूकता लाने के लिए ईट राइट, ईट सेफ एंड ईट सस्टेंबली अभियान अगले माह से चलाया जाएगा। जिले में करीब पांच हजार स्कूल व कॉलेज हैं। इनमें प्राइमरी 1756, जूनियर 796, माध्यमिक 340, डिग्री कॉलेज 85 तथा सीबीएसई, आईसीएसई, एनसीईआरटी के तीन हजार विद्यालय शामिल हैं। अफसरों की मानें तो देशभर में करीब दस करोड़ लोग खाद्य जनित बीमारियों से प्रभावित होते हैं। देश में बीमारियों से संबंधित दस प्रमुख कारणों में से खाद्य जनित बीमारियों का छठा नंबर है। खाद्य जनित बीमारियां बच्चों को अधिक प्रभावित करती हैं, लेकिन अब ऐसा नहीं होगा। इसके लिए खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग ने स्कूल-कॉलेजों के माध्यम से हेल्दी फूड, हेल्दी डाइट से स्वस्थ रखने का मन बनाया है। इसके अंतर्गत विभाग सभी स्कूलों की ईमेल आईडी पर खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की आदर्श थाली का चार्ट भेजकर जागरूक किया जाएगा।
लंच ब्रेक के साथ अब फ्रूट ब्रेक भी किया जाएगा शुरू
मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी जेपी सिंह ने बताया कि इस संबंध में सभी विद्यालयों में जो कैंटीन चल रही है या बच्चे जो टिफन में भोजन ला रहे हें, उसमें थोड़ा कम तेल, नमक व चीनी के उपयोग के क्रम में व्यंजनों में कुछ सुधार बताया जाएगा। साथ विद्यालयों में लंच ब्रेक के साथ-साथ फ्रूट ब्रेक भी शुरू किया जाएगा। प्रत्येक सप्ताह में निर्धारित दिनों में असेंबली में ईट राइट, ईट सेफ एंड ईट सस्टेंबली के बारे में बताया जाएगा। मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी ने बताया कि अपर मुख्य सचिव ने इस संबंध में जिले के स्कूलों में इस अभियान को चलाने के निर्देश दिए हैं।