नगीना। स्वास्थ्य विभाग के नोडल अधिकारी ने ग्राम मझेड़ा के अप्रशिक्षित चिकित्सक द्वारा अपने क्लीनिक पर लगी सील को अवैध तौर पर खोल दिए जाने के आरोप में थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई है।
उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी/नगीना के नोडल अधिकारी डॉ. केपी सिंह द्वारा नगीना थाने में दर्ज कराई गई प्राथमिक में कहा गया कि ग्राम कल्याणपुर निवासी एक महिला के द्वारा जिलाधिकारी से शिकायत की थी। इसमें अशरफ अंसारी निवासी ग्राम कल्याणपुर पर बिना डिग्री के अवैध रूप से चिकित्सा अभ्यास करने का आरोप लगाया था। जांच के बाद अशरफ अंसारी निवासी मझेड़ा को नोटिस देकर तत्कालीन नोडल अधिकारी डॉ. प्रमोद देशवाल (एसीएमओ) ने क्लीनिक सील कर दिया था। बाद में शिकायत मिली कि क्लीनिक को बिना अनुमति खोलकर क्लीनिक संचालित किया जा रहा है। 30 मार्च को क्लीनिक का पुनः निरीक्षण किया गया तो क्लीनिक की सील खुली पा गई। उसे पुनः सील कर नोटिस जारी कर दिया गया था। कहा गया है कि अशरफ अंसारी के पास चिकित्सा अभ्यास हेतु आवश्यक अभिलेख उपलब्ध नहीं हैं और न ही मुख्य चिकित्सा अधिकारी बिजनौर कार्यालय में क्लीनिक पंजीकृत है। पुलिस ने इस मामले में प्राथमिकी दर्ज की है।