नांगलसोती। क्षेत्र के कई गांवों में वायरल फीवर पैर पसार रहा है। नांगलसोती पीएचसी पर रोजाना बड़ी संख्या में बुखार से पीड़ित मरीज उपचार कराने पहुुंच रहे है। ऐसे में पीएचसी पर तैनात एक फार्मासिस्ट पर मरीजों का दबाव बढ़ गया है। ग्रामीणों ने स्वास्थ्य विभाग से नांगलसोती पीएचसी पर चिकित्सक की तैनाती की मांग की है।
नांगलसोती और उसके आस-पास के गांव शहजादपुर, जीतपुर खास, हरचंदपुर, मायापुरी, चमरौला, लालपुर मान, सौफतपुर में बड़ी संख्या में लोग वायरल फीवर की चपेट में है। पीएचसी नांगलसोती में रोजाना 60-70 मरीज उपचार कराने पहुंच रहे है। पीएचसी पर चिकित्सक की तैनाती नहीं होने से ग्रामीण प्राइवेट अस्पतालों में इलाज कराने को मजबूर हैं। नांगलसोती पर तैनात चिकित्सक डा. राय साहब डेढ़ माह पूर्व सेवानिवृत्त हो चुके है। पीएचसी पर तैनात फार्मासिस्ट रवि प्रताप पर ही मरीजों के उपचार का दबाव आ गया है। रवि प्रताप ने कहा कि पीएचसी पर पहुंचने वाले ज्यादातर मरीज बुखार से पीड़ित है। मरीजों में बुखार आने पर हाथों-पैरों में दर्द होना, ठकान महसूस करना और गले में खरास होने के लक्षण मिल रहे है। फार्मासिस्ट रवि प्रताप ने क्षेत्रवासियों से बुखार होने पर सरकारी अस्पताल में उपचार कराने सलाह दी। ग्रामीण दयाराम सिंह, आयुष, राजू, रविंद्र, सुनील, कामेंद्र सिंह ने स्वास्थ्य विभाग से पीएचसी पर चिकित्सक की तैनाती कराने और गांव में शिविर लगाकर ग्रामीणों को उपचार दिलाने की मांग की।