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बैंक के तगादे से परेशान किसान ने खाया जहर

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बिजनौर के अफजलगढ़ सीएचसी में उपचाराधीन जहरीला पदार्थ का सेवन करने वाला किसान। - फोटो : BIJNOR
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बैंक के तगादे से परेशान किसान ने खाया जहर
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अफजलगढ़ (बिजनौर)। क्षेत्र के गांव मीरापुर दक्षिण निवासी किसान रणवीर सिंह ने बैंक के तगादे व बार-बार बैंक वालों की ओर से दबाव बनाकर तंग करने के चलते जहर खा लिया। हालत बिगड़ने पर परिजनों ने उसे कालागढ़ के निजी चिकित्सक के यहां भर्ती कराया। जहां से उसे प्राथमिक उपचार के बाद हायर सेंटर रेफर कर दिया गया। किसान के बेटे ने अपने चाचा पर भी धोखे से जमीन अपनी पत्नी के नाम कराने का आरोप लगाया है।
मीरापुर दक्षिण निवासी गुरजीत सिंह ने बताया कि करीब 12 वर्ष पूर्व उसके पिता रणवीर सिंह (70) व चाचा मंजीत सिंह पुत्र पृथ्वीपाल सिंह निवासी मीरापुर दक्षिण ने कल्लूवाला स्थित विदुर ग्रामीण वर्तमान में प्रथमा सर्वयूपी ग्रामीण बैंक से ट्रैक्टर खरीदने के लिए पांच लाख रुपये का ऋण लिया था, जिसमें उन्होंने काफी पैसा जमा भी कर दिया है। करीब ढाई लाख रुपये बैंक के शेष हैं। बैंक वाले पिछले काफी समय से ऋण जमा करने के लिए दबाव बना रहे थे। घर की स्थिति अच्छी न होने के चलते उसके पिता पैसे नहीं जमा कर पाए।
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आरोप है कि पिछले चार-पांच दिन के भीतर से बैंक वालों के साथ उसके चाचा भी उसके पिता पर पैसे जमा करने के लिए दबाव बना रहे थे और काफी तंग कर रहे थे। इसके बाद से उसके पिता रणवीर सिंह मानसिक रूप से परेशान चल रहे थे। उसके चाचा मंजीत सिंह व चाची परमजीत कौर ने मंगलवार को उसके पिता पर दबाव बनाया और अपने साथ कासमपुरगढ़ी ले गए। वहां उसके पिता से एक स्टांप पर हस्ताक्षर करा लिया, जिसमें लिखा था कि रणवीर सिंह ने अपनी खेती की सवा बीघा जमीन दो लाख रुपये में उसकी पत्नी परमजीत को बेच दी है। दो लाख रुपये उनके चाचा से ले लिए हैं। आरोप है कि उसके चाचा-चाची ने उनसे जबरन सवा बीघा जमीन स्टांप लिखवाकर अपनी पत्नी परमजीत कौर के नाम करा ली।
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बुधवार सुबह से ही उसके पिता रणवीर बहुत परेशान थे और बैंक जाने की बात कह कर घर से निकले थे। दोपहर के समय उनके किसी परिचित का फोन आया कि उनके पिता कालागढ़ में रामगंगा किनारे पड़े हैं। वह वहां पहुंचे और अपने पिता को उठाया तो पता चला कि बैंक वालों व अपने भाई के व्यवहार से क्षुब्ध होकर जहरीले पदार्थ का सेवन कर लिया है। परिजन रणवीर को उपचार के लिए कालागढ़ स्थानीय चिकित्सक के यहां ले गए। जहां से उनकी हालत देखकर बाहर ले जाने के लिए कहा गया, जिस पर उन्हें सीएचसी अफजलगढ़ में भर्ती कराया गया। वहां से उन्हें उपचार के बाद घर भेज दिया गया। सूचना पर वरिष्ठ उपनिरीक्षक दिनेश शर्मा मौके पर पहुंचे और घटना के संबंध में परिजनों से जानकारी हासिल की। कोतवाल मनोज कुमार सिंह ने तहरीर मिलने पर आवश्यक कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है।
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