बिजनौर। जिले के राजकीय एवं निजी औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों (आईटीआई) में अगस्त 2026 से शुरू होने वाले प्रशिक्षण सत्र के लिए प्रवेश प्रक्रिया जारी है। अधिक से अधिक विद्यार्थियों को तकनीकी शिक्षा से जोड़ने के उद्देश्य से राजकीय आईटीआई प्रशासन ने आईटीआई चलो अभियान शुरू करने का निर्णय लिया है।
इसके तहत शिक्षकों की टीमें गांवों और स्कूलों में पहुंचकर छात्रों को आईटीआई में उपलब्ध ट्रेडों, रोजगार के अवसरों और तकनीकी शिक्षा के महत्व की जानकारी देंगी। साथ ही उन्हें प्रवेश लेने के लिए प्रेरित किया जाएगा। जिले में संचालित पांच राजकीय और 22 निजी आईटीआई में विभिन्न ट्रेडों की 5272 सीटों पर प्रवेश दिया जाएगा। इच्छुक अभ्यर्थी 4 अगस्त 2026 तक निर्धारित वेबसाइट पर आवेदन कर सकते हैं। अधिकारियों का मानना है कि कई छात्र जानकारी के अभाव में आईटीआई का विकल्प नहीं चुन पाते हैं। अभियान के माध्यम से उन्हें तकनीकी शिक्षा के लाभ, प्रशिक्षण के दौरान मिलने वाली सुविधाएं तथा रोजगार और स्वरोजगार की संभावनाओं से अवगत कराया जाएगा।
राजकीय आईटीआई संस्थान के प्रधान सहायक राकेश शर्मा ने बताया कि आईटीआई प्रशासन का उद्देश्य अधिक से अधिक युवाओं को कौशल आधारित शिक्षा से जोड़कर उन्हें रोजगार के लिए तैयार करना है। अभियान के दौरान विद्यार्थियों के साथ-साथ अभिभावकों को भी तकनीकी शिक्षा के महत्व से अवगत कराया जाएगा, ताकि अधिक से अधिक छात्र प्रवेश प्रक्रिया में शामिल हो सकें।
-आईटीआई में प्रवेश के फायदे
कम अवधि में रोजगारपरक तकनीकी प्रशिक्षण।
उद्योगों की मांग के अनुसार विभिन्न ट्रेडों में कौशल विकास।
रोजगार और स्वरोजगार के बेहतर अवसर।
अप्रेंटिसशिप और प्लेसमेंट की सुविधा मिलने की संभावना।
उच्च तकनीकी शिक्षा और प्रतियोगी अवसरों के लिए मजबूत आधार।