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नींदडू़ में 25 दिन में 40 मौत, पर दो दिन से किसी की मृत्यु नहीं

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नींदडू में 25 दिन में 40 मौतें
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नींदडू़। गांव नींदडू़ में 25 दिन में 40 मौत हो चुकी हैं, किंतु दो दिन से किसी व्यक्ति के मरने की सूचना नहीं है। मृत्यु दर कम होने से लोगों ने राहत की सांस ली है। इनमें ज्यादातर मौतें बुखार के कारण हुईं। कई व्यक्तियों की मौत दहशत, ऑक्सीजन की कमी, फेफड़ों में संक्रमण, दमा, सांस, क्षय रोग और निमोनिया जैसे लक्षण पाए जाने के चलते हुई।
डॉ. हामिद अकबर का कहना है कि ज्यादातर मरीज बुखार, वायरल व टाइफाइड से पीड़ित हैं। पहले से बीमार लोगों को इलाज नहीं होने से परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इन मौतों को कोरोना से पीड़ित तब तक नहीं माना जा सकता, जब तक इनका टेस्ट न हो। डॉ. मनाजिर अहसन का कहना है कि निमोनिया पहले से मौजूद है। अब इसने भयंकर रूप ले लिया है। बुखार, सांस में दिक्कत, ऑक्सीजन की कमी तथा अस्थमा से पीड़ित लोग वायरस से प्रभावित होकर मृत्यु का शिकार हो रहे हैं। डॉ. उस्मान जकी का कहना है कि कस्बे में सफाई की कमी, कोरोना का भय, मानव शरीर में रोग प्रतिरोधक क्षमता की कमी तथा बुखार का ज्यादा समय तक रहना मौत का कारण बन रहा है। कमजोर व संक्रमित फेफड़े भी मौत की वजह बन रहे हैं।
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पहले से बीमार लोगों के लिए घातक है बीमारी
डॉ. मोहम्मद रिजवान ने बताया कि कोरोना उन लोगों के लिए घातक है, जो पहले ही से शुगर, टीबी, अस्थमा, हृदय रोग से पीड़ित हैं। इनमें ऐसे लोग भी शामिल हैं, तो सिगरेट और शराब का सेवन करते हैं। नशा करने से रोग प्रतिरोधक क्षमता कम होने तथा ऑक्सीजन का स्तर भी कम होने लगता है। ऐसे लोगों को कोरोना अपनी गिरफ्त में ले रहा है।
गांव में नहीं पहुंची कोई टीम
गांव निवासी इजहार अहमद, मोहसिन, मशरूर, शकील अहमद ने बताया कि यहां बड़ी संख्या में मौत होने के बावजूद भी स्वास्थ्य विभाग की टीम जांच करने गांव में नहीं पहुंची। अभी तक गांव में स्वास्थ्य विभाग की ओर से बीमार लोगों के सैंपल जांच के लिए भी नहीं लिए गए हैं। ऐसे में बीमारी के कारणों का सही पता नहीं चल पाया। ग्रामीणों ने गांव में कैंप लगवाकर लोगों की जांच कराए जाने की मांग की है।
मरने वालों में सभी उम्र के लोग शामिल
19 अप्रैल को संक्रमित शमशाद (40) की बुखार, 22 अप्रैल को नसीम (55) की बुखार व ऑक्सीजन की कमी, 23 अप्रैल नूरजहां (58) की ब्रेन हेंब्रेज, 24 अप्रैल को अहतशाम की वालिदा (68) की बुखार, 25 अप्रैल को कुमार सैनी (30) की कोरोना, 26 अप्रैल को फिरदोस (55) व रिहाना (60) की बुखार, जुल्फिकार की बीवी (50) की हर्ट अटैक, शबनम (40) की बुखार, नसीमा (85) की हर्ट अटैक, मौलाना मधी (58) व शेखों में बुजुर्ग (68) की बुखार, 27 अप्रैल को मेराज जहां (58), अहतेशाम (45), मिद्दू शाह (75), मोहसिन की बीवी (70) जलील की पौत्री (28), गूंगा प्रधान (65) की बुखार से मौत हो गई। कुल मरने वालों की संख्या 40 बताई जा रही है।
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घर-घर जाकर जांच करेगी निगरानी समिति
अंथाई शेख में प्रधान दिलशाद अहमद की अध्यक्षता एवं ग्राम पंचायत अधिकारी सचिन सैनी के संचालन में निगरानी समिति की बैठक हुई। बैठक में घर घर जाकर बुखार व कोरोना मरीजों की पहचान के अलावा जेसीबी मशीन के माध्यम से गांव की साफ-सफाई कराने का निर्णय लिया गया। कहा निगरानी समिति घर घर जाकर परिवार के सदस्यों का पल्स ऑक्सीमीटर से ऑक्सीजन का स्तर व पल्स रेट तथा थर्मल स्कैनर से ताप नोट करेगी। इस अवसर पर शमीम, आयशा परवीन व जग्गो देवी आशाएं, राधा देवी आंगनबाड़ी व नईम अहमद शिक्षामित्र, तफसील अहमद युवक मंगल दल, शीशपाल सिंह व जसवीर सिंह सफाई कर्मचारी एवं डॉ. जियाउर्रहमान आदि मौजूद रहे। प्रधान दिलशाद अहमद ने विभिन्न मोहल्लों में सफाई कराई तथा टैंकर मंगाकर गांव के रास्तों, गलियों व नालियों को सैनिटाइज कराया।
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