मतगणना से पूर्व ईवीएम को लेकर सपा के विरोध-प्रदर्शन को लेकर पुलिस प्रशासन अलर्ट हो गया है। कलेक्ट्रेट परिसर में बने स्ट्रांग रूम की सुरक्षा बढ़ा दी गई है। केंद्रीय पुलिस बल संग सिविल पुलिस के जवानों की भी तैनाती कर दी गई है। बुधवार को एसपी डॉ. अनिल कुमार ने स्ट्रांग रूम का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया।
जिले में सात मार्च को मतदान की प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। जिले में बनाए गए कुल 1375 बूथों की ईवीएम को कलेक्ट्रेट के स्ट्रांग रूम में कड़े सुरक्षा पहरे में रखा गया है। बृहस्पतिवार को यानी 10 मार्च को मतगणना होनी है, लेकिन प्रदेश के कुछ जिलों में वाहनों पर ईवीएम या पोस्टल बैलेट दिखने के बाद सपा ने धांधली का आरोप लगाकर विरोध शुरू कर दिया। बीते मंगलवार की रात के बाद बुधवार को सुबह 10 बजे से कलेक्ट्रेट के बाहर बड़ी संख्या में सपा कार्यकर्ता पहुंच गए। इसको देखते हुए स्ट्रांग रूम की सुरक्षा बढ़ा दी गई है। बुधवार को स्ट्रांग रूम का निरीक्षण करने पहुंचे एसपी ने सीसीटीवी कैमरे और सुरक्षा व्यवस्था में तैनात पुलिसकर्मियों के ड्यूटी रजिस्टर आदि की जांच की। उन्होंने कहा कि मतगणना में पारदर्शिता लाने के लिए बाहर हर विधानसभा में एक प्रत्याशी के अधिकतम दो लोगों को स्ट्रांग रूम की निगरानी की अनुमति दी गई। सुरक्षा के मद्देनजर कलेक्ट्रेट के मुख्य गेट पर ही बड़ी संख्या में पुलिस के जवानों को तैनात किया गया है। राजनीतिक दलों से लेकर आम लोगों तक को कलेक्ट्रेट में जाने के लिए जांच प्रक्रिया से गुजरना पड़ रहा है।