सुरियावां के चकपड़री गांव में गिरा कच्चा घर।
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ज्ञानपुर/मोढ़। बारिश में कच्चे मकानों पर आफत आ गई है। ग्रामीण इलाकों में कई कच्चे मकान बारिश के कारण धराशायी हो गए। सोमवार को सुरियावां और औराई में दो परिवारों के कच्चे मकान गिर गए। इससे गरीब परिवारों को भारी क्षति उठानी पड़ी।
ग्रामीणों का कहना है कि बरसात के दिनों में नगर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों तक ध्वस्त हो चुकी जलनिकासी व्यवस्था का परिणाम है कि जब-जब झमाझम बारिश शुरू होती है, तब-तब गरीब, मजदूर परिवारों को खुले आसमान के नीचे आना विवशता बन जाती है। मलबों में दबकर गृहस्थी के सामान से हाथ धोने वाले परिवारों की सुध लेने की कौन कहे, निरीक्षण करना उचित नहीं समझा जाता।
सुरियावां के बलभद्रपुर-चकपड़री गांव निवासी बेईला देवी, चंद्रबली यादव का दर्द है कि आर्थिक तंगी के कारण किसी तरह कच्चा घर बनाकर परिवार रहता था, लेकिन बारिश की जद में आकर वह भी गिर गया। इससे चावल, आटा, बर्तन, बिस्तर आदि हजारों के सामान दबकर नष्ट हो गए। बेघर परिवार ने जिलाधिकारी से स्थलीय निरीक्षण कराकर क्षतिपूर्ति और रहने के लिए आवास की मांग की। इसी क्रम में औराई के मवैयाहरदोपट्टी गांव निवासी गौरा देवी का भी कच्चा घर गिर जाने से नुकसान उठाना पड़ा। दोनों स्थानों पर किसी प्रकार की जनहानि न होने से गांववासियों ने राहत की सांस ली।