माध्यमिक शिक्षा परिषद द्वारा संचालित यूपी बोर्ड की हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट की परीक्षा में सख्ती का असर अब दिखने लगा है। जिले में बृहस्पतिवार को बोर्ड की दूसरी पाली की परीक्षा में अनुचित साधन (मोबाइल) के साथ एक परीक्षार्थी को पकड़ लिया गया। उसे केंद्र व्यवस्थापक ने रस्टिकेट कर दिया। उसके खिलाफ प्राथमिकी भी दर्ज कराई जाएगी।
नेशनल इंटर कॉलेज से प्राइवेट फार्म भरने वाले एक छात्र का सेंटर भारतीय इंटर कॉलेज परसीपुर में पड़ा है। वहां अब तक की परीक्षा तो सकुशल संपन्न हो गई, लेकिन बृहस्पतिवार को दूसरी पाली में परीक्षा चल रही थी, उसी दौरान कक्ष संख्या चार से भौतिक विज्ञान का एक परीक्षार्थी लघु शंका के लिए अनुमति लेकर गया। काफी देर तक जब नहीं आया तो कक्ष निरीक्षक को आशंका हुई। उन्होंने तत्काल केंद्र व्यवस्थापक को सूचना दी। निरीक्षण पर निकले केंद्र व्यवस्थापक तत्काल कक्ष संख्या चार में पहुंचे और वहां वस्तुस्थिति से अवगत होने के बाद छात्र को बुलवाया गया। करीब 25 मिनट के बाद वह आया तो कड़ाई से पूछताछ की गई। विद्यालय प्रशासन के अनुसार पहले तो परीक्षार्थी ने उलझने का प्रयास किया, लेकिन जब कड़ाई से पूछताछ की गई तो उसके पास से प्रश्नपत्र पकड़ा गया। उस पर कुछ लिखा था। तलाशी लेने पर उसके पास से मोबाइल भी बरामद किया गया। केंद्र व्यवस्थापक डॉ. अजय पांडेय ने बताया कि परीक्षार्थी के पास मिली मोबाइल जब्त करके पूछताछ की गई तो पता चला कि उसने आते समय ही शौचालय में छिपा दिया था। जब लघुशंका करने गया तो वहां से मोबाइल ले लिया। केंद्र व्यवस्थापक के अनुसार उसे रस्टिकेट करके दूसरी कॉपी दी गई। दोनों कापियां बोर्ड को भेजी जाएंगी। उसके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई जाएगी। उधर, इस वर्ष 24 मार्च से माध्यमिक शिक्षा परिषद की हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट की परीक्षा शुरू हुई है। तब से अब तक एक भी विद्यार्थी अनुचित साधन का प्रयोग करते हुए नहीं पकड़ा गया था, लेकिन बृहस्पतिवार को एक परीक्षार्थी को पकड़ लिया गया। इससे पहले केंद्र पर अनुपस्थित मिले एक स्टेटिक मजिस्ट्रेट का एक दिन का वेतन रोका जा चुका है। कंट्रोल रूम से कई केंद्रों के सीसीटीवी कैमरे कनेक्ट नहीं होने का भी मामला सामने आ चुका है।