पूर्वोत्तर और उत्तर रेलवे के विभिन्न स्टेशनों, हाल्टों पर यात्रियों के लिए बने संसाधनों में ताला लटकने से यात्री सुविधाओं का लाभ नहीं ले पा रहे हैं। सुरियावां में शौचालय के गेट में ताला बंद होने से लोगों को दिक्कत होती है। दिव्यांग यात्री बिना बैरिकेडिंग वाले रैंप से जोखिम उठाते हुए प्लेटफार्म पर पहुंचते हैं।
पूर्वोत्तर रेलवे के माधोसिंह-रामबाग रेलखंड के जंगीगंज हाल्ट से यात्रा करने वाले यात्री गोलखरा निवासी ललित कुमार ने बताया कि गर्मी के मौसम में सड़क मार्ग से न जाकर सुबह-शाम चल रही अनारक्षित ट्रेनों को यात्री महत्व दे रहे हैं। लगभग दो माह से हाल्ट के मुख्य कार्यालय में ताला बंद है। टिकट खिड़की के सामने बिखरी गंदगी में खड़े होकर टिकट लेना पड़ रहा है। उत्तर रेलवे के सुरियावां स्टेशन से यात्रा करने वाले यात्री प्रेम कुमार ने बताया कि प्लेटफार्म नंबर एक पर बने सार्वजनिक शौचालय में ताला बंद है। इसके चलते यात्री शौचालय उपयोग नहीं कर पाते हैं। इसी रेलखंड के परसीपुर स्टेशन पर बैरिकेडिंग विहीन रैंप से जा रहे दिव्यांग यात्री धीरज ने कहा कि स्टेशन का मुख्य द्वार ऊंचा होने से हम जैसे यात्री रैंप का सहारा लेकर प्लेटफार्म पर पहुंचते हैं।
पूर्वोत्तर रेलवे वाराणसी मंडल के जन संपर्क अधिकारी अशोक कुमार ने बताया कि रेलखंड लगभग छह हाल्ट आईबीएस सिस्टम से नियंत्रित कराए जा रहे हैं। आने वाले समय में सुविधाओं की कमी नहीं होने दी जाएगी।