ज्ञानपुर। राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष अपर्णा यादव ने मनरेगा योजना के नाम बदलने को लेकर चल रहे विरोध के बीच शनिवार को बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि राम के देश में राम के नाम की योजनाएं नहीं होंगी, तो क्या अल्लाह के नाम पर होंगी। हिंदू समाज की सुरक्षा के लिए आवश्यकता पड़ी तो शस्त्र उठाने से पीछे नहीं हटना चाहिए।
यह बयान उन्होंने सुंदरवन कटेबना में आयोजित विराट हिंदू सम्मेलन में दिया। मनरेगा योजना का नाम भगवान राम के नाम पर रखने को लेकर हो रही राजनीतिक बयानबाजी पर उन्होंने विपक्ष पर तीखा हमला बोला। अपर्णा यादव ने बांग्लादेश और पाकिस्तान में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचारों का जिक्र करते हुए कहा कि अब हिंदू समाज को एकजुट होने की जरूरत है। उन्होंने हिंदुओं से संगठित रहने, सतर्क रहने और समाज को मजबूत करने की अपील की। अपर्णा यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री के नारों का संदेश गंभीरता से लेना चाहिए। उन्होंने बताया कि भगवान राम हमारे आदर्श हैं और यह राम युग है, इसलिए योजनाओं और नीतियों में राम का नाम होना स्वाभाविक है। मुख्य अतिथि शांता अक्का ने भी हिंदू समाज को एकजुट होने के लिए प्रेरित किया। महाकाल भैरव अखाड़ा ठाणे महाराष्ट्र के स्वामी कैलाशपुरी जी महाराज, अड़गड़ानंद आश्रम सक्तेसगढ़ के संत आशीष जी महाराज समेत कई संत-महात्मा उपस्थित रहे और राष्ट्रहित को सर्वोपरि बताया। मंच पर हर-हर महादेव और जय श्रीराम के जयकारों से वातावरण गुंजायमान रहा। कई स्कूलों के बच्चों ने स्वागत गीत, शिव तांडव और अन्य नृत्य प्रस्तुत किए। आयोजक द्वादश ज्योतिर्लिंग की पीठाधीश्वर राज लक्ष्मी मंदा ने सभी का स्वागत किया। संचालन बीएल पाल ने किया। मौके पर आरएसएस के रमेश, कमलेश, ज्ञानपुर विधायक विपुल दूबे, पूर्व विधायक रविंद्रनाथ त्रिपाठी, औराई ब्लॉक प्रमुख बृजमोहन मिश्रा विकास, भाजपा जिलाध्यक्ष दीपक मिश्रा, मनीष पांडेय, गोवर्धन राय, अखिलेश तिवारी, दीपक सिंह और आशुतोष पांडेय समेत कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।