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UP: जली हुई लाश देख कांप गई रूह...बुजुर्ग की जिंदा जलकर मौत, कालीन कंपनी में लगी थी आग; दमकल को भेजा वापस

Wed, 19 Nov 2025 05:20 PM IST
अमन विश्वकर्मा अमर उजाला नेटवर्क, भदोही।

सार

Bhadohi News: उत्तर प्रदेश के भदोही जिले में जलकर बुजुर्ग की माैत की सूचना मिलते ही माैके पर स्थानीय पुलिस पहुंच गई। तब तक परिजनों और पड़ोसियों ने आग पर काबू पा लिया था। दमकल विभाग की गाड़ी को भी वापस भेज दिया गया था।
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आग लगने से सबकुछ हो गया खाक। - फोटो : संवाद
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विस्तार
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UP News: नगर के शाहबाबाद मोहल्ला में एक कालीन कंपनी में बुधवार की सुबह आग लग गई। आग से कालीन कारोबारी के पिता सहाई राम यादव (80) की जिंदा जलकर मौत हो गई। वहीं कालीन के कुछ सैंपल, फर्नीचर के साथ नक्शे इत्यादि जलकर राख हो गए। बताया जा रहा है कि मृतक पहले दम घूटने से कमरे ही अचेत होकर भाग नहीं सके। इसके बाद जलने से उनकी मौत हो गई।

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भदोही के शाहबाबाद निवासी सभाशंकर यादव व रमाशंकर यादव दोनों सगे भाई थे। दोनों मिलकर कालीन का कारोबार करते थे। उनकी कंपनी और घर एक ही जगह पर थी। घर के ऊपरी हिस्से में पूरा परिवार रहता है। वहीं नीचे के हिस्से में उनका पूरा कारोबार है। 

उनके पिता सहाई राम यादव (80) घर के नीचे वाले हिस्से में स्थिति एक ऑफिस नुमा कमरे में ही सोते थे। हर दिन की तरह काम समाप्त होने के बाद बुनकर घर चले गए। इसके बाद परिवार के सभी सदस्य खाकर-पीकर सोने चले गए। राम सहाई भी सो गए थे। 

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परिजनों में मचा कोहराम

माैके पर माैजूद पुलिस और भीड़। - फोटो : संवाद
इस बीच, भोर में करीब चार बजे अचानक शार्ट सर्किट से आग लग गई। कमरे में फर्नीचर, नक्शा और सैंपल इत्यादि होने से आग ने तेजी पकड़ ली और पूरे कमरे में धुंआ भर गया। धुएं से राम सहाई अचेत हो गए और कमरे से बाहर नहीं निकल पाए और आग से बुरी तरह झुलसकर उनकी मौत हो गई। इधर परिजनों को इसकी जानकारी होते ही कोहराम मच गया। 

परिजन आसपास के लोगों की मदद से करीब पांच बजे तक आग पर काबू पा लिया। करीब 5.30 मिनट पर दमकल पहुंची। जिसे लौटा दिया गया। इधर घटना की जानकारी होते ही पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने अधजले शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
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बड़ा हो सकता था हादसा
कारोबारी सभाशंकर यादव व रमाशंकर यादव ने बताया कि आग लगने की उन्हें समय से जानकारी नहीं हो सकी। जिससे पिता जी को नहीं बचा सके। आग के कारण निकलने वाली धुएं महक गई तो शक के कारण नीचे आए और किसी तरह से आग पर काबू पाया। बताया कि आग कमरे के अंदर ही रह गया। कमरे के बाहर ही लाखों की कीमत के तैयार कालीन रखे हुए थे। अगर उसमें आग पकड़ती तो और भी बड़ी घटना हो सकती थी।
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