जिले में कारपेट सिटी फेज-2 को लेकर जिलाधिकारी विशाल सिंह ने शुक्रवार को सैकड़ों किसानों के साथ बातचीत की। डीएम के साथ करीब एक घंटे चली बातचीत के बाद किसानों ने अपनी जमीन का चार गुना मुआवजा देने की शर्त रखी। जिलाधिकारी विशाल सिंह ने किसानों को उचित मुआवजे का आश्वासन दिया। वहीं एडीएम की अध्यक्षता में समिति बनाने की बात कहीं।
भदोही औद्योगिक विकास प्राधिकरण (बीडा) की कारपेट सिटी फेज वन के बाद अब मोरवा नदी के पूर्वी छोर पर कारपेट सिटी फेज टू बनाने की योजना प्रस्तावित है। इसके लिए 33 हेक्टेयर भूमि अधिग्रहित की जानी है। इसमें 25 हेक्टेयर किसानों की जमीन ली जानी है। वहीं आठ गांव की जमीन होगी। जमीन अधिग्रहण को लेकर किसानों के साथ बीडा की काफी दिनों से बातचीत चल रही थी, लेकिन मुआवजे को लेकर दोनों पक्षों में बात नहीं बन पा रही थी।
कारपेट सिटी फेज टू में कुल 230 किसानों की जमीन अधिग्रहित की जाएगी। जिलाधिकारी विशाल सिंह शुक्रवार को दोपहर दो बजे किसानों के साथ बातचीत करने मानिकपुर पहुंचे। किसानों के साथ जिलाधिकारी की करीब सवा घंटे तक बातचीत चली। जिलाधिकारी ने किसानों के सामने सबसे पहले सवाल रखा कि कारपेट सिटी फेज टू के लिए आप लोग अपनी जमीन देने के लिए तैयार है? जिस पर किसानों ने जमीन देने के लिये हाथ उठाकर हामी भरी और चार गुना मुआवजा देने की बात भी रखी।
जिलाधिकारी ने कहा कि अपर जिलाधिकारी की अध्यक्षता में समिति गठित होगी और समिति गांव में जाकर किसानों से बात करेगी। समिति जमीन के रिकॉर्ड और बैनामा देखने के बाद मुआवजा तय करेगी। जिलाधिकारी ने यह भी कहा कि बीडा के पास इस समय धन का अभाव भी है, इसलिए इस बैठक में बैंकर्स को भी बुलाया गया है। जिनसे हम लोन लेंगे, जिससे आप को उचित मुआवजा दे सकें।
बैठक में बड़ी संख्या में किसान पहुंचे थे। जिसमें एक-दो को छोड़ दिया जाए तो सभी कारपेट सिटी फेज टू को जमीन देने के लिए राजी हो गए। जिलाधिकारी ने कहा कि इससे विकास होगा और सभी को इसका लाभ मिलेगा। मौके पर एसडीएम भदोही भान सिंह के अलावा बैंक मैनेजर, रजिस्ट्रार समेत अन्य रहे।