उन्होंने कहा कि देश भर में केंद्र सरकार के कामकाज से केवल अंबानी और अडानी समूह खुश हैं। केवल उन्हीं दो लोगों को फायदा पहुंचाने का काम किया जा रहा है। ऐसा न होता तो भारी संख्या में यहां के व्यवसायी देश छोड़ कर दूसरे देश नहीं जा रहे होते। शहरों में इंफ्रास्ट्रक्चर नहीं है। जिससे व्यवसायी और मजदूर और पलायन कर रहे हैं।
इसके लिए मीडिया को भी जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा फिर भी हम सबको आने वाले वक्त के प्रति आशावान रहना चाहिए। अखिलेश यादव ने जो परियोजनाएं शुरू की थीं, उन्हें सरकार बनते ही फिर से शुरू किया जाएगा। कालीन निर्यातकों से कहा यहां का ढांचागत विकास पर ध्यान देने के साथ-साथ श्रम कानून निर्यातकों और उत्पादकों से विचार विमर्श के बाद बनाया जाएगा।