शिवनाथ के घर में सिलिंडर से लगी आग से जला सामान-संवाद
कप्तानगंज। अयोध्या से भद्रेश्वरनाथ मंदिर तक जलाभिषेक के लिए जाने वाले कांवड़ियों की सुरक्षा को लेकर पुलिस और प्रशासन तैयारियों में जुटा है लेकिन फोरलेन के किनारे उगी झाड़ियों की सफाई न होने से श्रद्धालुओं को जोखिम भरे रास्ते से गुजरना पड़ सकता है। स्थानीय लोगों ने एनएचएआई पर लापरवाही का आरोप लगाया है।
हर वर्ष अयोध्या से लाखों कांवड़िए फोरलेन मार्ग से होकर भद्रेश्वरनाथ मंदिर पहुंचते हैं। तेज धूप और उमस से राहत पाने के लिए श्रद्धालु सड़क किनारे पेड़ों की छांव में विश्राम करते हैं, लेकिन दोनों ओर उगीं घनी झाड़ियों के कारण पटरियां लगभग गायब हो चुकी हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि जिला प्रशासन ने कांवड़ यात्रा को देखते हुए एनएचएआई को सड़क किनारे की सफाई कराने के निर्देश दिए थे, लेकिन दो वर्षों से पटरियों की सफाई नहीं कराई गई। इसके कारण दोपहिया वाहन चालकों को भी परेशानी होती है और कई बार हादसे हो चुके हैं। भारी वाहन गुजरने के दौरान बाइक सवार झाड़ियों की वजह से सड़क से नीचे नहीं उतर पाते, जिससे दुर्घटना की आशंका बनी रहती है।
क्षेत्र निवासी श्याम सुंदर त्रिपाठी, रामप्रीत प्रजापति और अरुण कुमार मौर्य ने बताया कि झाड़ियों के कारण सड़क की पटरियां पूरी तरह ढक गई हैं। एनएचएआई के साइट इंचार्ज अरविंद पांडेय ने बताया कि जल्द ही फोरलेन के किनारे उगी झाड़ियों की सफाई करा दी जाएगी।