- बहादुरपुर क्षेत्र के ग्राम पंचायत सेमरा उर्फ गलवा का मामला
बहादुरपुर। गांवों में मजदूरों को रोजगार देने के उद्देश्य से शुरू हुआ मनरेगा जिम्मेदारों की मिलीभगत से भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ रहा है। बहादुरपुर क्षेत्र के ग्राम पंचायत सेमरा उर्फ गलवा में दो कार्यस्थल पर 132 मजदूरों की उपस्थिति मेट द्वारा लगाया जा रहा है। लेकिन, शुक्रवार को कार्यस्थल पर एक भी मजदूर कार्य करते नहीं दिखे।
पोर्टल पर मेट द्वारा अपलोड किए गए फोटो देखकर ही अंदाजा लगाया जा सकता है किस स्तर तक सिस्टम में खेल किया जा रहा है। बता दें कि उक्त ग्राम पंचायत में कच्चे कार्य के लिए जारी मस्टर रोल नं0 14339, 14340, 14341, 14342, 14343, 14344, 14345 तथा 14346 के माध्यम से 5 जनवरी से पिच रोड से रामजीत के खेत होते हुए नाला तक चकबंद निर्माण के लिए 79 मजदूरों की उपस्थिति मेट द्वारा शाम पांच बजे लगाया गया है। कार्यस्थल पर न मजदूर करते मिले और न ही ऐसा दिखा कि कार्य हो रहा हो।
इसी ग्राम पंचायत में बृहस्पतिवार को कार्यस्थल पर मस्टर रोल नंबर 13993, 13994, 13995, 13996, 13997 तथा 13998 पर 27 दिसंबर 2024 से रामनयन के खेत से जगदीश के खेत होते हुए पिच रोड तक चकबंद निर्माण के लिए 53 मजदूरों की उपस्थिति शाम चार बजे के बाद लगाया गया था। ग्रामीणों का कहना कि दोनों कार्यस्थल पर इस समय कोई कार्य नहीं हो रहा है। फर्जी उपस्थिति दर्ज करने में सचिव, कलस्टर प्रभारी, एपीओ और बीडीओ सभी के सह पर ही मेट द्वारा दर्ज किया गया होगा। संविदाकर्मी बिना उच्चाधिकारियों के संरक्षण ऐसा नहीं कर सकता।
कार्यस्थल पर बिना मजदूरों की उपस्थिति दर्ज करना करना गलत है। जांच कर जो भी दोषी होगा उसके विरुद्ध कार्रवाई के लिए उच्चाधिकारियों को भेजा जाएगा। - मंजुल मयंक गौतम, सहायक कार्यक्रम अधिकारी, बहादुरपुर
पीलीभीत के जिला चिकित्सालय में मरीज देखते चिकित्सक।संवाद- फोटो : संवाद
पीलीभीत के जिला चिकित्सालय में मरीज देखते चिकित्सक।संवाद- फोटो : संवाद