इंजीनियर की पूरी रकम मिली
ग्रीन पार्क निवासी माइक्रोसॉफ्ट के पूर्व इंजीनियर से 13 लाख की ठगी की गई थी। तत्काल शिकायत पर साइबर पुलिस ने पूरी रकम वापस करा दी। अग्रसेन नगर निवासी शख्स को भी कोरियर फंसने का डर दिखाकर दस लाख की ठगी की गई थी। उनके छह लाख रुपये साइबर टीम ने फ्रीज करा दिए। कुल मिलाकर करीब 32 लाख रुपये की ठगी इन लोगों से हुई। इसमें 24 लाख रुपये वापस आने का जरिया बन गया है।
कई लोगों को आ चुकी कॉल, रहें सावधान
एक मेडिकल कॉलेज की वरिष्ठ चिकित्सक के पास इसी तरह साइबर ठगों की कॉल आई थी। उन्हें धमकाकर अकेले में जाने के लिए कहा गया था। काफी हद तक वह ठगों की बातों से घबरा भी गईं, पर ऐन वक्त पर कॉल काटने से वह बच गईं। आईजी से शिकायत के बाद साइबर थाना पुलिस ने इस मामले में जांच भी की। इसी तरह कई और लोग अब तक सावधानी से बच चुके हैं। इनमें से करीब 15 लोग साइबर थाने तक पहुंचे, पर लिखित शिकायत नहीं की।
पुलिस कभी नहीं करती ऐसी कार्रवाई
साइबर थाने के इंस्पेक्टर नीरज सिंह बताते हैं कि सावधानी से ही ऐसे मामलों से बचा जा सकता है। लोगों को यह जानना चाहिए कि पुलिस या कोई अन्य एजेंंसी कभी इस तरह ऑनलाइन अरेस्ट नहीं करती। ये एक काल्पनिक तरीका है, जिसे साइबर ठग डराकर वसूली के लिए इस्तेमाल करते हैं। लोगों को डरना नहीं चाहिए। तत्काल कॉल काटकर परिजनों व पुलिस से संपर्क करना चाहिए।
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