परिवहन निगम के क्षेत्रीय प्रबंधक दीपक चौधरी ने बताया कि बसों में वीटीएस लगाने का काम चल रहा है। अस्सी प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। इसके साथ ही हर रूट पर चलने वाली बसों की समयसारिणी तैयार की जा रही है। कंट्रोल रूम का काम भी शुरू हो गया है।
सेटेलाइट से सिर्फ एसी बसें ही जाएंगी दिल्ली
सेटेलाइट बस अड्डे से अब कोई भी साधारण बस दिल्ली के लिए नहीं जाएगी, न ही दिल्ली जाने वाली किसी अन्य डिपो की बस यहां खड़ी होगी। इसके लिए दो गार्डों को तैनात किया गया है।
दिल्ली जाने वाली बसें पुराने बस अड्डे से जाती हैं। बरेली व रुहेलखंड डिपो की बसें तो अपने-अपने स्थान से जाती हैं, लेकिन दिल्ली की तरफ जाने वाली दूसरे डिपो की बसें सेटेलाइट बस अड्डे पर खड़ी हो जाती थीं।
इसको लेकर कई बार मुख्यालय स्तर से भी आपत्ति जताई गई थी लेकिन दूसरे डिपो के चालक सवारियों की तलाश में सेटेलाइट तक पहुंच जाते थे। मंगलवार से सेटेलाइट बस अड्डे पर सख्ती कर दी गई। आरएम दीपक चौधरी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि सेेटेलाइट पर दिल्ली जाने वाली किसी भी डिपो की बस खड़ी नहीं होने दी जाएगी। सेटेलाइट से दिल्ली की तरफ महज जनरथ व शताब्दी बसें ही जाएंगी।