फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

चाचा-भतीजी ने ट्रेन से कटकर की खुदकुशी

विज्ञापन
विज्ञापन

बिलपुर स्टेशन के पास हुई घटना, प्रेम प्रसंग का बताया जा रहा मामला
विज्ञापन

ट्रैक पर शव पड़े होने से बाधित हुआ ट्रेन संचालन, कई ट्रेनें रोकनी पड़ीं

फतेहगंज पूर्वी। बिलपुर रेलवे स्टेशन के पास एक युवक और उसकी रिश्ते की भतीजी ने ट्रेन से कटकर खुदकुशी कर ली। मामला प्रेम प्रसंग से जुड़ा बताया जा रहा है मगर परिजनों ने इससे साफ इंकार किया है। पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव परिवार वालों को सौंप दिए हैं। ट्रैक पर शव पड़े होने से करीब पौने तीन घंटे रेल यातायात बाधित रहा।
विज्ञापन

मंगलवार सुबह करीब छह बजे के समय बिलपुर रेलवे स्टेशन से टिसुआ की ओर निवड़िया गांव के पास एक लड़की और लड़के के शव रेलवे की अप लाइन पर पड़े थे। स्टेशन के चाबी मैन राजू कुमार ने स्टेशन अधीक्षक आदित्य कुमार को इसकी जानकारी दी तो रेलवे पुलिस के कर्मचारी दुलीचन्द्र और इंद्र कुमार मौके पर पहुंचे। कंट्रोल को सूचना देकर ट्रेनों को पीछे ही स्टेशनों पर रुकवाने के साथ ही थाना फतेहगंज पूर्वी को भी इसकी सूचना दी गई। मौके पर पहुंचे थाना प्रभारी विजय कुमार ने दोनों के शवों को ट्रैक से हटवाकर ट्रेनों का आवागमन शुरू करवाया। शवों की तलाशी के दौरान पुलिस के पास दो मोबाइल मिले। एक मोबाइल से नंबर निकालकर पुलिस ने फोन किया तो वह लड़के के परिजनों का निकला। फोन पर बात करने वाले परिजन ने बताया कि मृतक शाहजहांपुर में थाना जैतीपुर के एक गांव का निवासी है। इसके बाद मौके पर पहुंचे लोगों ने किशोरी की शिनाख्त रिश्ते में उसकी भतीजी के रूप में की। किशोरी की उम्र 15 वर्ष और युवक की उम्र 22 वर्ष बताई गई।

रात एक बजे के बाद निकले थे घर से

किशोरी के परिजन के मुताबिक, वह कक्षा आठ की छात्रा थी और सोमवार रात एक बजे तक लड़की घर में ही थी। किस समय वह घर से चली आई ये किसी को पता नहीं चला। वहीं, प्रधान रह चुके युवक के पिता ने बताया कि उनका बेटा बीए पास कर चुका था। वह दो भाइयों में छोटा था। उन्होंने बताया कि दोनों एक ही परिवार के हैं, दोनों का रिश्ता चाचा-भतीजी का है। हालांकि मौके पर मौजूद कुछ लोग प्रेम प्रसंग की बात कर रहे थे लेकिन दोनों के परिवार वालों ने इसकी जानकारी से इनकार किया।

स्टेशनों पर खड़ी रहीं कई ट्रेनें

किशोरी और युवक की मौत के बाद उनके शव काफी देर तक रेलवे ट्रैक पर पड़े रहे। इससे करीब पौन घंटे तक रेल यातायात बाधित रहा। इस वजह से कई ट्रेनों को अलग अलग स्टेशनों और आउटर पर रोकना पड़ा। इसमें गोरखपुर-देहरादून एक्सप्रेस को बिलपुर, न्यू जलपाईगुड़ी एक्सप्रेस को मीरानपुर कटरा स्टेशन और एक मालगाड़ी को बिलपुर स्टेशन के आउटर पर रोका गया था।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें