फर्जी आईएएस बनकर लोगों को नौकरी का झांसा देकर ठगने की आरोपी विप्रा पाठक, उसकी बहन दीक्षा पाठक और पिता वीरेंद्र शर्मा के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए बारादरी थाने में दो और तहरीरें दी गई हैं।
बारादरी पुलिस ने दोनों बहनों समेत तीन लोगों को गिरफ्तार कर मंगलवार को सरकारी नौकरी के नाम पर ठगी के रैकेट का खुलासा किया था। बुधवार को बारादरी थाना क्षेत्र के जोगी नवादा के स्वतंत्रता संग्राम सेनानी नगर निवासी विनोद कुमार ने तहरीर देकर पुलिस को बताया कि विप्रा पाठक खुद को आईएएस अधिकारी बताती थी। विप्रा और दीक्षा ने सरकारी विभाग में ड्राइवर की नौकरी लगवाने के लिए उससे सात लाख रुपये ले लिए।
दूसरी तहरीर सनराइज कॉलोनी निवासी अमित राय ने दी है। उनका कहना है कि विप्रा पाठक और उसके पिता वीरेंद्र शर्मा ने ब्लॉक कार्यालय में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी के पद पर नौकरी लगवाने के नाम पर उससे 2.80 लाख रुपये ठग लिए। उसने 20 हजार रुपये ऑनलाइन और 2.60 लाख रुपये नकद दिए। इंस्पेक्टर विजेंद्र सिंह ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर जांच की जा रही है।