बरेली जगदगुरु शंकराचार्य स्वामी राज राजेश्वराश्रम महाराज ने राजनीति में सुचिता और स्वच्छता के लिए धर्म के समावेश पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि सूर्य के उत्तरायण में आने से भारत और अधिक प्रकाशमय हो जाता है। संक्रमणकाल से उबरकर सूर्य उत्तरायण में आता है। इसी तरह राजनीति भी संक्रमण से गुजरती है लेकिन धर्म के समावेश से वह प्रकाशमान हो जाती है इसलिए राजनीति में धर्म का समावेश जरूरी है।
शंकराचार्य ने यह उद्गार शुक्रवार को बरेली इंटर कॉलेज में मकर संक्रांति पर आयोजित खिचड़ी सहभोज के सामाजिक समरसता कार्यक्रम में व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि आज भारत मेें कोई धार्मिक आयोजन किया जाता है तो उसे सांप्रदायिक आयोजन कहा जाता है किंतु हम सबको समझना चाहिए कि इस देश का उत्थान धर्ममय राजनीति से ही संभव है। शंकराचार्य ने हर-हर महादेव के उद्घोष से आयोजन स्थल के माहौल को गुंजायमान कराया। शंखनाद और स्वस्ति वाचन से कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ।
कार्यक्रम के आयोजन कैंट विधायक राजेश अग्रवाल ने शहर के विभिन्न मंदिरों के पुरोहित और भाजपा के वरिष्ठ कार्यकर्ताओं को सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजन से सामाजिक समरसता का संदेश जाता है। कार्यक्रम में संघ के विभाग प्रचारक उमाशंकर, भाजपा के क्षेत्रीय संगठन महामंत्री भवानी सिंह, प्रदेश महामंत्री धर्मपाल सिंह, सुभाष पटेल, महानगर अध्यक्ष उमेश कठेरिया, वीरेंद्र अटल, तेजेश्वरी सिंह, पुष्पा अग्रवाल, दीप्ति भारद्वाज, ब्रजेश मिश्रा, अजय जेटली, राकेश अग्रवाल गुड वाले, अमित अग्रवाल आदि प्रमुख रूप से मौजूद रहे।