बरेली। हार्टमन स्कूल प्रबंधन को इज्जतनगर पुलिस ने बचाने की भरसक कोशिश की, लेकिन उसकी मंशा पर पानी फिर गया। बुधवार को आईजी रमित शर्मा के पास अभिभावक पहुंचे। उन्होंने हार्टमन स्कूल के प्रिंसिपल समेत अन्य की शिकायत की। कहा, टीचर के साथ ही प्रिंसिपल व अन्य लोगों ने भी अभिभावकों को अपमानित किया। आईजी ने रिपोर्ट दर्ज करने का आदेश देते हुए एसएसपी को सख्त कार्रवाई कराने को कहा। इसके बाद प्रिंसिपल के खिलाफ भी रिपोर्ट दर्ज कर ली गई।
अशरफ खां छावनी निवासी सैफ उर रहमान बुधवार को आईजी रमित शर्मा के कार्यालय पहुंचे। उन्हें बताया कि उनके बच्चे हार्टमन स्कूल में पढ़ते हैं। सात मई को स्कूल प्रबंधन ने बच्चों को परीक्षा देने से रोक दिया। उत्तर पुस्तिका छीनकर उन्हें एक कमरे में बंद कर दिया। इस कमरे में स्कूल का कबाड़ रखा था। बिना बिजली, पानी के बच्चे ढाई घंटे तक कमरे में बंधक बने रहे। कई बच्चों की तबीयत खराब हो गई। जब अभिभावकों को पता चला तो उन्होंने विरोध किया। इस पर सादा कागज पर परीक्षा कराई गई। इतना ही नहीं स्कूल के प्रिंसिपल अनिल और उनके सहयोगियों ने अभिभावकों के सामने उत्तेजित भाषण दिया। उनका अपमान किया, सांप्रदायिकता फैलाने की कोशिश की। अभिभावकों को भी धमकी देकर बंधक बनाए रखा गया। इस घटना के बाद से बच्चे गहरे अवसाद में हैं।
तहरीर में स्कूल के प्रिंसिपल अनिल कुल्लू, टीचर शालिनी जुनेजा, ऑफिस इंचार्ज ज्वैल मैसी और रोशन को घटना के लिए जिम्मेदार बताया गया है। आईजी ने इस मामले में रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई के लिए एसएसपी को लिखा है। इसके बाद इज्जतनगर पुलिस ने इन सभी के खिलाफ सैफ उर रहमान की ओर से रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
बच्चों के बयान दर्ज किए, सीसीटीवी कैमरों की फुटेज देखी
मंगलवार को नरेंद्र राणा की तरफ से दर्ज की गई रिपोर्ट में पुलिस ने विवेचना शुरू कर दी है। बुधवार को कर्मचारीनगर चौकी के दरोगा राजेश गौतम ने नरेंद्र के घर जाकर उनके तीनों बच्चों के बयान दर्ज किए। इसकी रिकार्डिंग भी की। इसके अलावा नरेंद्र के भी बयान दर्ज किए गए। इसके बाद स्कूल जाकर सीसीटीवी कैमरों की फुटेज देखी।
अभिभावक ने आकर हार्टमन स्कूल की शिकायत की थी। शिकायत के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। - रमित शर्मा, आईजी