बरेली। कोरोना संक्रमण के बढ़ रहे मामलों के बीच स्वास्थ्य विभाग की बड़ी लापरवाही सामने आई है। फ्लू कॉर्नर पर कोरोना सैंपलिंग कर रही लैब टेक्नीशियन (एलटी) दो दिन से संक्रमित होने के बावजूद कोरोना की जांच करती रही। सोमवार को अधिकारियों को इसकी जानकारी हुई तो खलबली मच गई।
जानकारी के मुताबिक तीन सौ बेड कोरोना चिकित्सालय के फ्लू कॉर्नर पर कोरोना संदिग्ध मरीजों की जांच के लिए तैनात लैब टेकनीशियन ने दो दिन पहले कोरोना संदिग्ध लक्षण मिलने पर उसने जांच कराई थी। नियमानुसार उसे क्वारंटीन होना था मगर वह अस्पताल आकर संदिग्ध संक्रमितों की जांच करती रहीं। सोमवार को भी उन्होंने फ्लू कॉर्नर पहुंचकर संदिग्ध मरीजों की जांच की। शाम को उनकी रिपोर्ट पॉजिटिव मिली। इसके बाद मौजूद सभी स्वास्थ्य कर्मी सकते में आ गए। प्रकरण पर फ्लू कॉर्नर इंचार्ज डॉ. सतीश चंद्र को कॉल की गई मगर उनसे संपर्क नहीं हो सका। मामला अब स्वास्थ्य विभाग में चर्चा का विषय बना हुआ है।
फ्लू कॉर्नर पर तैनात स्वास्थ्यकर्मी ही अब इस पर सवाल उठ रहे हैं। उनका कहना है कि संक्रमित एलटी ने जिन लोगों की जांच की है, अब उनके भी संक्रमित होने की आशंका है। हालांकि चिकित्सालय में मौजूद कुछ अन्य कर्मियों का कहना है कि संक्रमित एलटी सभी प्रोटोकॉल के तहत जांच कर रहीं थीं इसलिए संदिग्ध मरीजों के संक्रमित होने की आशंका नहीं है। रिपोर्ट पॉजिटिव मिलने के बाद उन्हें तत्काल होम आइसोलेशन पर भेज दिया गया है।