बरेली। आला हजरत फाजिले बरेलवी के तीन रोजा उर्स-ए-रजवी का पोस्टर जारी कर दिया गया है। इसके साथ ही तीन दिनों तक चलने वाले कार्यक्रम का भी एलान हो गया है। इसमें शिरकत करने के लिए देश विदेश के लाखों जायरीन यहां पहुंचेंगे।
आला हजरत इमाम अहमद रजा खां का इस बार 101वां उर्स 23, 24 व 25 अक्तूबर को इस्लामिया इंटर कॉलेज मैदान पर होगा। उर्स की सभी रस्में दरगाह प्रमुख मौलाना अश्शाह सुब्हान रजा खां (सुब्हानी मियां) सरपरस्ती और सज्जादानशीन मुफ्ती अहसन रजा कादरी (अहसन मियां) की सदारत में होंगी। दरगाह से जुड़े नासिर कुरैशी ने बताया कि पहले रोज 23 अक्तूबर को दिन में परचमी जुलूस निकाला जाएगा और शाम को उर्सगाह इस्लामिया कॉलेज के मैदान पर परचम कुशाई की रस्म अदा की जाएगी। रात में तरही नातिया मुशायरा होगा। अगले रोज 24 अक्तूबर को रेहाने मिल्लत हजरत रहमानी मियां के कुल की रस्म सुबह 9:58 बजे अदा की जाएगी। रात में जलसे के दौरान मुफ्ती आजम हिंद का कुल 1:40 बजे होगा। अंतिम दिन 25 अक्तूबर को सुबह से ही उलमा की तकरीरों का शुरू हो जाएगा। दोपहर 2:38 बजे आला हजरत का कुल होगा। इसी के साथ उर्स का समापन होगा। उर्स की व्यवस्था में हाजी जावेद खान, शाहिद खान नूरी, औरंगजेब नूरी, मंजूर खान, अजमल नूरी, नासिर कुरैशी, परवेज नूरी, ताहिर अल्वी, तारिक सईन, हाजी अब्बास नूरी आदि को दी गई है।
मुस्लिमों के हालात पर भी होगी चर्चा
बरेली। उर्स-ए-रजवी के मौके पर आला हजरत के मिशन और मुस्लिमों के मौजूदा हालात पर भी चर्चा होगी। इसमें खास तौर से मुस्लिमों की आर्थिक, सामाजिक, शैक्षिक स्थिति के अलावा दीनी मसले और मसाइल पर भी बात होगी।