बरेली। ग्राम स्वास्थ्य स्वच्छता पोषण समिति की ओर से ग्राम पंचायतों में पल्स ऑक्सीमीटर और थर्मामीटर 28 सौ लेकर चार हजार रुपये तक में खरीदे गए थे। सीडीओ ने शासन को इस बारे में रिपोर्ट भेज दी है और इसमें खरीद में कोई घोटाला होने से इनकार किया है। सीडीओ के मुताबिक शासन भी दोनों स्वास्थ्य उपकरणों के रेट पर सहमति जताई है।
तमाम जिलों में पंचायत निधि से इन दोनों उपकरणों की खरीद हुई थी। बरेली में डीएम नितीश कुमार ने पंचायत निधि के बजाय इन उपकरणों की खरीद स्वास्थ्य स्वच्छता पोषण समिति के माध्यम से खरीद कराई थी जिसका बजट स्वास्थ्य विभाग की ओर ही मिला था। इस खरीद में प्रधानों के शामिल होने की वजह से पंचायत राज विभाग ने इसकी रिपोर्ट तलब की थी। डीपीआरओ धर्मेंद्र कुमार ने सभी 1193 ग्राम पंचायतों से इन उपकरणों की खरीद की रिपोर्ट तैयार कर सीडीओ चंद्रमोहन गर्ग को दी। सीडीओ का कहना है कि जुलाई में इन उपकरणों की कमी थी लिहाजा तमाम ग्राम पंचायतों ने उनकी खरीद अधिकतम 4000 रुपये तक की है लेकिन 23 जुलाई के आदेश के बाद यह रेट 2800 रुपये पर आ गया। जुुलाई के अंत में इन उपकरणों की कमी खत्म होने के साथ बाजार में उनके रेट भी कम हो गए थे।
मैंने पूरी जांच रिपोर्ट देख ली है। खरीद को लेकर कोई गड़बड़ी सामने नहीं आई है। शासन भी उपकरणों की खरीद को लेकर संतुष्ट है। -चंद्रमोहन गर्ग, सीडीओ