अवैध क्लीनिक चलाने वाली महिला ने उससे बात की। व्यक्ति के तैयार होने पर उसे बच्ची दे दी। उसने बिल भी चुका दिया। वहां से लौटने के बाद महिला का मन बदल गया। वह पति के साथ थाने पहुंची गई और शिकायत की कि अस्पताल वालों ने उसकी बच्ची किसी व्यक्ति को दे दी।
दंपती ने स्वीकार की गलती
मामला संदिग्ध देख इंस्पेक्टर हरिपाल बालियान ने उस व्यक्ति को बुलवाया। तब पूरी हकीकत सामने आई और उस दंपती ने अपनी गलती स्वीकार की। पुलिस ने बच्ची को वापस दिला दिया है। महिला के दो बेटियां पहले से ही हैं। इंस्पेक्टर ने बताया कि दंपती काफी गरीब हैं। उन्हें आर्थिक सहयोग दिया गया। दोनों पक्ष कार्रवाई नहीं चाहते थे।