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आक्सीजन स्तर कम तो कोविड संदिग्ध मानकर करें भर्ती

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बरेली। तीन सौ बेड अस्पताल में कई ऐसे मरीज पहुंच रहे हैं, जिनकी कोविड टेस्ट की रिपोर्ट निगेटिव आ रही है लेकिन उनका ऑक्सीजन स्तर तेजी से कम हो रहा है। अस्पताल के नोडल अधिकारी डॉ. सुबोध कुमार ने ऐसे मरीजों को संदिग्ध कोविड मरीज मानकर भर्ती करने का निर्देश दिया है।
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कोरोना वायरस नया स्ट्रेन अधिक खतरनाक साबित हो रहा है। इसके लक्षण भी बदले हुए हैं। एंटीजन और आरटी-पीसीआर रिपोर्ट निगेटिव आ रही है और सीटी स्कैन में कोरोना के लक्षणों की पुष्टि हो रही है। ऐसे मरीजों की हालत गंभीर होने पर भी उन्हें इलाज मिलने में मुश्किलें आ रही हैं। डॉ. सुबोध के मुताबिक वायरस के नए स्ट्रेन में कई मरीजों की एंटीजन और आरटी-पीसीआर रिपोर्ट निगेटिव आ रही है, लेकिन सीटी स्कैन कराने पर छाती और व फेफड़ों की स्थिति खराब मिल रही है। ऐसे कई मामले सामने आ चुके हैं।
जांच रिपोर्ट निगेटिव मिलने के बाद भी चार दिन के अंदर मरीज के फेफड़े वायरस से प्रभावित हो रहे हैं। यह शरीर में भयंकर निमोनिया बना रहा है। इन मरीजों की आरटीपीसीआर जांच में भी संक्रमित होने की पुष्टि नहीं हुई लेकिन जब सीटी स्कैन कराया गया तो पता चला कि 60 से 70 फीसद फेफड़े संक्रमण की चपेट में हैं। इसीलिए अब ऐसे मरीजों को भी भर्ती कर इलाज देने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि लोगों को सुबह-शाम पांच-पांच मिनट गर्म पानी की भाप जरूर लेनी चाहिए। यह बचाव का सबसे कारगर उपाय है।
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आयुर्वेदिक चिकित्सक डॉ. संतोष सिंह ने कहा कि आयुर्वेदिक काढ़े का सेवन प्रतिदिन करें। घर में ही दालचीनी, लौंग, काली मिर्च, तुलसी का मिश्रण तैयार कर पानी के साथ उबालें और सेवन करें। आवश्यक होने पर ही घर से बाहर जाएं। मास्क जरूर लगाएं। बाहर से आने के बाद कपड़े अलग रख दें। उन्हें धोएं व स्वयं भी साबुन से अच्छी तरह हाथ-पैर और मुंह धोएं।
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