गांव पहुंचकर जांच करती टीम। स्रोत: प्रशासन
शाही। तालाब पर कब्जे की खबर प्रकाशित होने के बाद पहुंची राजस्व टीम को करीब एक दर्जन लोगों के कब्जे आधे से ज्यादा तालाब की जगह पर मिले। जांच के समय टीम को ग्रामीणों के आक्रोश का सामना करना पड़ा। इस बीच पुलिस को मामले में हस्तक्षेप करना पड़ा। क्षेत्र के दौली जवाहरलाल गांव के पूर्वी दिशा में करीब साढ़े तीन बीघा क्षेत्र में तालाब स्थित है। पांच दिन पूर्व ग्रामीणों के द्वारा मीरगंज एसडीएम से शिकायत करके कहा गया था कि तालाब पर कब्जा करके तालाब के रकबा को आधे से भी कम कर दिया गया है। इससे गांव से नालियों के निकलने वाला गंदा पानी का निकास भी बंद हो गया है। समाधान न होने से गंदा पानी गलियों में भर रहा है। शिकायत के बाद कोई कार्रवाई न होते देख ग्रामीणों ने शनिवार को नाले के गंदे पानी में खड़े होकर प्रदर्शन किया।
एसडीएम के निर्देश पर तहसील से कानूनगो धनपाल सिंह के नेतृत्व में तीन लेखपालों की टीम गांव पहुंची। टीम ने तालाब का सीमांकन करना शुरू किया तो करीब एक दर्जन लोगों के अवैध कब्जे की जमीन पर चहारदीवारी, खड़े ट्रैक्टर आदि मिले। कानूनगो धनपाल सिंह ने बताया कि इसकी रिपोर्ट बनाकर शासन को भेजी जाएगी। अवैध कब्जा करने वाले लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर तालाब को कब्जा मुक्त कराया जाएगा। हालांकि शिकायत में पूर्व प्रधान के द्वारा तालाब पर मिट्टी डालकर कब्जा करने का दावा राजस्व टीम को सही नहीं मिला। संवाद