बरेली। शहर के चर्चित मांस कारोबारी हाजी शकील कुरैशी पर किसान की भूमि पर कब्जा करने का आरोप लगाते हुए कमिश्नर भूपेंद्र एस. चौधरी से लिखित शिकायत की गई है। कमिश्नर ने सांसद-वनमंत्री की सिफारिशी पत्र आने के बाद एसडीएम सदर को जांच सौंपी है। सात दिन में जांच रिपोर्ट तलब की है। राजस्व टीम ने मामले में जांच शुरू कर दी है।
बांस मंडी निवासी बाबू कुरैशी ने लिखित शिकायत करते हुए कहा है कि उसने ग्राम मोहनपुर में कृषि भूमि 27 सितंबर 1993 में मोहम्मद फारुख निवासी काजी टोला पुराना शहर से 60 हजार रुपये में खरीदी थी। वशीर अहमद भी बतौर क्रेता शामिल था। बाद में उसने वशीर से भी भूमि क्रय कर ली।
शिकायतकर्ता ने कहा कि 400 वर्ग गज भूमि बेचने का सौदा हाजी शकील कुरैशी संग किया। 19 मई 2010 को बजरिये बैनामा 400 वर्ग गज का विक्रय बिना किसी प्रतिकर प्राप्त किए शकील कुरैशी को कर दिया। उस दौरान शकील कुरैशी ने उसे आश्वासन दिया कि मारिया फ्रोजन फैक्टरी खोल रहे हैं, उसमें अंश रहेगा। आरोप लगाया कि शकील कुरैशी ने धोखाधड़ी कर दी, न फैक्टरी में शेयर दिया और न प्रतिकर।
इसके साथ ही कूटरचित व फर्जी प्रपत्र तैयार कर अवशेष भूमि किसी अन्य महिला को भूमि का स्वामी बताते हुए फर्जी गवाह तैयार कर बैनामा उप निबंधक के यहां करा लिया। कुछ साल पहले तहसीलदार सदर ने प्रकरण में लेखपाल से जांच कराई, लेकिन लेखपाल और तहसील के अन्य कर्मचारियों ने मिलीभगत से प्रकरण ठंडे बस्ते में डाल दिया।