कई अस्पतालों में भटकने के बाद मिला इलाज तो हो चुकी थी देर
बरेली। गंगापुर में घर में खेलने के दौरान दूध के भगौने में गिरने से डेढ़ साल के बच्चे की मौत हो गई। दम तोड़ने से पहले परिवार के लोग रविवार को पूरे दिन उसे झुलसी हुई हालत में कई अस्पतालों में लेकर पहुंचे मगर ज्यादा खर्च बताने के कारण उनमें भर्ती नहीं करा पाए। बाद में एक अस्पताल में जैसे-तैसे भर्ती कराया तो काफी देर हो चुकी थी। मौत के बाद परिवार ने पुलिस को बिना सूचना दिए शव दफना दिया।
यह घटना गंगापुर इलाके के पक्का बाग में रहने वाले ई रिक्शा चलाने वाले अर्जुन के परिवार में हुई। साथ में रहने वाले उनके छोटे भाई संजय ने बताया कि अर्जुन की पत्नी सीमा ने रविवार दोपहर ढाई किलो दूध एक बड़े भगौने में उबाला था। भगौना जमीन पर रखकर वह दूसरे कामों में लग गईं। दक्ष खेलते हुए कमरे में रखे भगौने के पास आ गया और उसमें गिर गया। खौलते दूध में गिरने से उसकी चीख निकली तो मां सीमा भागकर वहां पहुंचीं। उन्होंने बेटे को किसी तरह बाहर निकाला और शोर मचाया। इस पर परिवार के अन्य लोग और पड़ोसी पहुंच गए। दक्ष गंभीर रूप से झुलस गया था। संजय ने बताया कि दक्ष को लेकर परिवार के लोग कई अस्पतालों में गए। कुछ जगह उसकी गंभीर हालत को देखकर डॉक्टरों ने हाथ खड़े किए तो कुछ जगह जरूरत से ज्यादा खर्च बताया गया। उनका परिवार इतना खर्च वहन करने में सक्षम नहीं था। उन्होंने बाद में सिविल लाइंस के एक अस्पताल में दक्ष को भर्ती कराया, मगर तब तक उसकी हालत काफी बिगड़ चुकी थी और रात में उसने दम तोड़ दिया।