पीलीभीत में मूसलाधार बारिश से शहर जलमग्न हो गया है। आसमान में कड़कती बिजली डरा रही है। पीलीभीत में रविवार सुबह आसमान से गिरी आफत ने एक परिवार की खुशियां छीन लीं। गजरौला थाना क्षेत्र के गांव अमखेड़ा निवासी 32 वर्षीय जितेंद्र यादव की बिजली की चपेट में आने से मौत हो गई।
पीलीभीत में बारिश का कहर लगातार चौथे दिन भी जारी है। शनिवार रात करीब एक बजे से रुक रुककर हो रही बारिश ने सुबह सात बजे से तेजी पकड़ ली। तीन घंटे से मूसलाधार बारिश हो रही है। शहर के प्रमुख मार्ग, गली मोहल्ले जलमग्न हो गए हैं।
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सड़कें तालाब बनी हैं और निचले इलाकों के घरों में भी बारिश का पानी पहुंच गया है। बारिश की वजह से सड़कों पर सन्नाटा पसरा है। आसमान में कड़कती बिजली लोगों को डरा रही है। अलर्ट भी जारी हुआ है। जिले में पिछले चार दिनों से हो रही बारिश से जन जीवन अस्त व्यक्त हो गया है। लोगों के कामकाज ठप है।
लगातार हो रही बारिश से स्टेशन रोड, मोहल्ला तखान, मोहल्ला सुनगढ़ी, जोशी टोला, फीलखाना, शेर मोहम्मद और दुधिया मंदिर क्षेत्र सबसे अधिक प्रभावित रहे। इन इलाकों में जलभराव इतना बढ़ गया कि लोगों को घुटनों तक पानी से होकर गुजरना पड़ा। कई घरों में पानी घुस गया। जिससे घरेलू सामान भी खराब होने लगा।
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बारिश से सड़कों पर सन्नाटा पसरा है और दुकानें भी बंद है। उधर, जलभराव से सड़क यातायात भी बाधित हुआ। कई जगह वाहन पानी में बंद पड़ गए और लोगों को धक्का लगाकर उन्हें बाहर निकालना पड़ा।
नगरपालिका की नालों की सफाई व्यवस्था भी इस बारिश में फेल साबित हुई। बारिश थमने का इंतजार कर रहे लोग अब प्रशासन से राहत कार्य की उम्मीद लगाए हुए हैं।
बिजली गिरने से युवक की मौत, परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
पीलीभीत में रविवार सुबह आसमान से गिरी आफत ने एक परिवार की खुशियां छीन लीं। गजरौला थाना क्षेत्र के गांव अमखेड़ा निवासी 32 वर्षीय जितेंद्र यादव की बिजली की चपेट में आने से मौत हो गई। हादसे के बाद परिवार में कोहराम मच गया। मृतक के तीन छोटे-छोटे बच्चों और पत्नी का रो-रोकर बुरा हाल है।
जितेंद्र यादव पुत्र स्वर्गीय रमेश सिंह यादव थाना बरखेड़ा क्षेत्र के गांव शहपुरा स्थित एक पेट्रोल पंप पर सेल्समैन थे। शनिवार की रात ड्यूटी पूरी करने के बाद रविवार सुबह करीब 8 बजे वह मोटरसाइकिल से घर लौट रहे थे। इसी दौरान पेट्रोल पंप के पास अचानक बिजली गिरने से वह बेहोश होकर जमीन पर गिर पड़े।
आसपास मौजूद लोगों ने घटना की जानकारी तुरंत पंप कर्मचारियों को दी। कर्मचारियों ने डायल 112 पुलिस को सूचना देकर घायल को जिला अस्पताल भिजवाया। वहां इलाज के दौरान जितेंद्र की मौत हो गई। उनकी मौत की खबर मिलते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। पत्नी शशि का रो-रोकर बुरा हाल है। मृतक के पीछे छह साल की बेटी काव्या और दो जुड़वा बेटे बेसहारा रह गए हैं। गांव में घटना से शोक की लहर है।