सीबीगंज क्षेत्र के गांव तिलियापुर में सोमवार को बुखार से दो लोगों की मौत हो गई। गांव में बुखार से करीब बीस और भी पीड़ित है। मौत की खबर के बाद स्वास्थ्य विभाग हरकत में आया और एक टीम को गांव भेजकर दवाएं बांटी। वहीं मलेरिया विभाग ने भी आधा घरों में जांच कर डेंगू का लार्वा मिलने पर सात लोगाें को नोटिस जारी किया है।
रविवार की देर रात गांव के मोहम्मद छोटा (45) पुत्र बाबू और नब्बू चौधरी (60) की बुखार के चलते मौत हो गई। नब्बू चौधरी के परिजन ने बताया कि वह करीब दो सप्ताह से बुखार से पीड़ित थे। शहर के एक निजी नर्सिंग होम में उनका इलाज चल रहा था। वहीं मोहम्मद छोटा भी कई दिनों से बुखार से पीड़ित चल रहे थे।
सूचना मिलने के बाद सोमवार को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गांव में कैंप लगाकर मरीजों की जांच की। इस दौरान करीब 211 मरीजों की जांच की गई। इसमें 93 मरीजों में मलेरिया की भी जांच की। टीम की डॉ. आकांक्षा ने बताया कि वायरल बुखार है। कोई भी मरीज मलेरिया या डेंगू से पीड़ित नहीं मिला है। सभी की जांच कर दवा दे दी गई है। चिकित्सकों की टीम में एनयू सारिक, फार्मासिस्ट विजय कुमार सिंह, शालिनी, हैलेंद्र सिंह, राहत कुरैशी मौजूद रहे।
इन्हें जारी किया गया नोटिस
गांव तिलियापुर में सोमवार को मलेरिया इंस्पेक्टर गुलशन कुमार, स्वेता पांडेय ने करीब 72 घरों में लार्वा की जांच की। यहां सात घरों में लार्वा मिलने पर नोटिस जारी किया गया। नोटिस देने वालों में नजमा, मुस्कान, आसमां, रवीना, अफसर खां, इसरार खां व रफीकन शामिल हैं। इन्हें 24 घंटे का समय देकर मच्छर जनित रोग की स्थितियों को खत्म करने को कहा गया है। इसके अलावा टीम ने घरों में दवा का छिड़काव भी कराया है।
सुभाष नगर में आशा वर्कर ने किया जागरूक
शहर के मोहल्ला सुभाष नगर में सोमवार को सीएमओ के निर्देश पर आशा वर्कर को लगाकर जागरूकता अभियान चलाया गया। लोगों के डेंगू के लक्षण और उपायों के बारे में बताया गया। बताया गया कि डेंगू का लार्वा साफ पानी में ही पनपता है। फ्रिज के पीछे लगे ड्रिप टैंक, गमले, कूलर आदि के पानी में लार्वा पनप रहा है। इन स्थानों पानी जमा न होने दें। पानी को बदलते रहें। जहां पानी का जमाव नहीं रोक सकते हैं, वहां मिट्टी का तेल या मोबिल आयॅल डालें।