इनके नाम आए सामने
दर्ज कराई गई रिपोर्ट में पूर्व पालिका अध्यक्ष शहला ताहिर, पालिका में तैनात रहे अधिशासी अधिकारी हीरालाल प्रजापति, हरिलाल राम, नरेंद्र कुमार जौहरी, राजेश कुमार सक्सेना के साथ ही रामपुर के विजय कुमार, नगर पालिका परिषद के कर्मचारी अमर सिंह, सुरेश पाल, रघुवीर सिंह, कैलाशचंद, पालिका के सेवानिवृत कर्मी रवींद्र कुमार शुक्ला, परिषद के ठेकेदार मोहम्मद अफजाल, मोहम्मद आरिफ, सलीम हैदर, वकील खां और शिव कुमार के नाम सामने आए हैं।
गबन की रिपोर्ट दर्ज होने के बाद भी नगर पालिका के कई कर्मचारी अपने पटल पर काबिज हैं। अब दबा हुआ मामला पांच महीने बाद सामने आने पर इनको कार्रवाई का डर भी सता रहा है।
मामला कोर्ट में विचाराधीन : पालिकाध्यक्ष
नगर पालिका परिषद की वर्तमान अध्यक्ष प्रेमलता राठौर ने बताया कि मामले की जानकारी मिली है। मामला कोर्ट में चल रहा है। कोर्ट के आदेश के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
कुछ समय पहले लखनऊ से जांच टीम आई थी। रिपोर्ट दर्ज हुई है, इसकी जानकारी मुझे नहीं है। मैं अभी बीमार होने के कारण अवकाश पर हूं। नगर पालिका पहुंचकर मामले की जानकारी ली जाएगी। शासन जो निर्णय लेगा, उसके आधार पर कार्रवाई की जाएगी। - प्रियंका मिश्रा, अधिशासी अधिकारी, नगर पालिका परिषद, नवाबगंज