पीलीभीत में यशवंतरी देवी मंदिर पर लगे मेले में नकली नोट चलाने की कोशिश करने के दौरान पकड़े गए युवक से पूछताछ करने के बाद कोतवाली पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। नकली नोट छापने का गैरकानूनी धंधा शहर में चल शहर में चल रहा था।
500 और 200 के नकली नोट छापने का धंधा एक दंपती अपने घर में करते थे, जिनमें महिला को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। उसका पति और गैंग का सरगना फरार है। पकड़ा गया युवक 50 प्रतिशत मुनाफे पर नकली नोट बाजार में चलाता था। पुलिस ने पूछताछ के बाद आरोपी युवक और महिला को जेल भेज दिया।
मां यशवंतरी देवी मंदिर परिसर में लगे नवरात्र मेले में लगी दुकानों पर 500 के नकली नोट चलाने की कोशिश करने के आरोप में मंगलवार को कोतवाली पुलिस ने मोहल्ला नखासा निवासी उद्देश्य दीक्षित को पकड़ा था।
उसके पास 500 के छह नकली नोट मिले थे। पूछताछ के दौरान युवक शुरू में पुलिस को गुमराह करता रहा। मगर सख्ती से पूछने पर हकीकत उगल दी। पुलिस के मुताबिक शहर के मोहल्ला गोपाल सिंह डोरीलाल फाटक निवासी नितिन पटेल अपने घर में नकली नोट छापने का अवैध धंधा करता था।
सीओ सिटी धर्म सिंह मार्छाल की अगुवाई में पुलिस टीम ने नितिन के घर दबिश देकर नितिन की पत्नी सपना पटेल को गिरफ्तार कर लिया। उसके घर में पुलिस को 500 के 17, 200 के 11 नकली नोट मिले।
इसके अलावा नकली नोट बनाने में इस्तेमाल की जाने वाली छह रंग की डिब्बी, पेंटिंग बोर्ड, थिनर की बोतल, महात्मा गांधी के ट्रेसिंग पेपर, हरी पट्टी, नमूना एनआरवी प्रिंट, 100, 200 और 500 के नोट की डिजायन का प्रिंट और ट्रायल किया हुआ प्रिंट बरामद किया गया।
दबिश के समय आरोपी नितिन अपने घर में नहीं था। कोतवाली में पुलिस ने खुफिया विभाग ने दोनों आरोपियों से पूछताछ की। कोतवाली में नितिन पटेल, उसकी पत्नी सपना पटेल और उद्देश्य दीक्षित के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई। बुधवार को सपना और उद्देश्य को जेल भेज दिया गया।