एसटीएफ बरेली की टीम और मुरादाबाद एसओजी ने रविवार को केंद्रीय शिक्षक पात्रता परीक्षा (सीटीईटी) 2019 में बिहार निवासी छह सॉल्वर सहित दस लोगों को मुरादाबाद के अलग-अलग परीक्षा केंद्रों से गिरफ्तार किया है। इनके पास से 61 हजार रुपये, कार, बाइक, दस मोबाइल, चार आधार कार्ड, छह पैन कार्ड, दो पहचान पत्र, आठ एटीएम, दो चेक बुक, दो आईडी और स्कूल की चार आईडी बरामद हुई हैं। हालांकि गिरोह का सरगना समेत छह आरोपी फरार हैं।
मुरादाबाद के एसपी यातायात सतीश चंद्र ने प्रेसवार्ता में बताया कि 2018 में कांशीराम नगर निवासी सब इंस्पेक्टर डालचंद के बेटे सचिन सहित एक सॉल्वर गिरोह को पुलिस ने यूपीटीईटी परीक्षा में पकड़ा था। सचिन जमानत पर है। एसटीएफ को सूचना मिली कि वह सीटीईटी परीक्षा में सॉल्वर गिरोह की मदद से फर्जीवाड़ा करने की तैयारी में है।
बरेली एसटीएफ के इंस्पेक्टर अजय पाल सिंह, मुरादाबाद एसओजी में तैनात सब इंस्पेक्टर अजय पाल सिंह की टीम इनके पीछे लग गई। मुरादाबाद में हिंदू कालेज के बाहर सचिन के साथी ठाकुरद्वारा निवासी नाजिम, दानिश और अमरोहा के हसनपुर में रहने वाले विपिन एवं राजकुमार को पकड़ा गया। पूछताछ में पता चला कि बिहार से छह सॉल्वर विक्की कुमार, सुशांत सहगल, मुकेश, चंदन आनंद, राजमणि और चंदन मुरादाबाद पहुंचे हैं।
हिंदू कालेज में राजकुमार के स्थान पर सुशांत, इंद्रपाल के स्थान पर विक्की कुमार, आरआरके स्कूल में अनुज के स्थान पर मुकेश, मैथोडिस्ट गर्ल्स इंटर कालेज में अशोक कुमार की जगह चंदन आनंद, पाकबड़ा के वेदराम इंटरकालेज में सुभाष के स्थान पर राजमणि, कटघर क्षेत्र के गुलाबबाड़ी स्थित सरस्वती विद्या मंदिर में दिनेश के स्थान पर चंदन परीक्षा दे रहे हैं।
एसओजी और एसटीएफ ने इन सभी सॉल्वरों को परीक्षा देते गिरफ्तार कर लिया। सचिन सहित इंद्रपाल, राजकुमार, अनुज, अशोक कुमार, सुभाष व दिनेश की तलाश जारी है।